यमुनानगर में सफाईकर्मियों को हिरासत में लेकर जाती पुलिस, हिसार में पुलिसवालों पर कूड़ा फेंकतीं महिलाएं।
हरियाणा में रविवार को कूड़ा उठाने को लेकर जमकर बवाल हुआ। हिसार में JCB से कूड़ा उठवा रही नगर निगम की टीम और पुलिसकर्मियों पर हड़ताली सफाईकर्मियों ने कचरा फेंक दिया। जबरन JCB को रोकने की कोशिश की गई।
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हंगामा बढ़ता देख सफाईकर्मियों को डिटेन कर लिया गया। रोडवेज बसों में भरकर उन्हें पुलिस लाइन लाया गया। उधर, यमुनानगर में भी जमकर हंगामा हुआ। नगर निगम की टीम SP आवास के पास से कूड़े का ढेर हटाने आई थी, इसकी भनक लगती ही सफाईकर्मी भी पहुंच गए और टीम को कूड़ा उठाने से रोक दिया।
सूचना मिलते ही भारी पुलिसबल मौके पर पहुंच गया। हंगामा कर रहे सफाईकर्मियों को जबरन पुलिस वैन में डालना शुरू कर दिया। विरोध में महिलाओं ने सड़क पर बैठकर ही प्रदर्शन शुरू कर दिया।
हंगामा बढ़ता देख निगम और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गए। बता दें, सफाईकर्मी 6 अगस्त से विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं।
हंगामे की तस्वीरें देखिए:-

हंगामे के दौरान 100 से भी अधिक पुलिसकर्मी तैनात रहे, महिला पुलिसकर्मी भी बड़ी संख्या में रहीं।

यमुनानगर मे कूड़ा उठाती जेसीबी।

हंगामे के बाद पुलिस ने सफाईकर्मियों को वैन में डाल दिया।
निगम की टीम कूड़ा उठा रही, सफाईकर्मियों का विरोध
यमुनानगर में कई स्थानों पर कूड़े के ढेर जमा है। रविवार सुबह ही निगम की टीम ने पुलिस की मौजूदगी में इन्हें उठाने का काम शुरू किया। मगर, हड़ताली सफाईकर्मियों ने इसका विरोध करना शुरू कर दिया।
इसके बाद ही पुलिस ने सभी को हिरासत में ले लिया। निगम की टीम ने शहर से विभिन्न पॉइंटों से कूड़ा उठाना शुरू कर दिया है। फिल्हाल कई स्थानों पर पुलिसबल तैनात किया गया है।

हिसार में पुलिस और सफाईकर्मियों की झड़प हो गई।
हिसार शहर में 3600 टन कचरा जमा
लगातार 18 दिनों से जारी हड़ताल के कारण हिसार की कॉलोनियों में कचरा फैला पड़ा है। बताया जा रहा है कि शहर में अभी 3600 टन से ज्यादा कचरा जमा हो गया है। वहीं, हिसार में शुक्रवार को भी हड़ताली सफाईकर्मियों ने नगर निगम की टीम के साथ हाथापाई की थी।
इस मामले में पुलिस ने ME अमित बेरवाल की शिकायत पर सफाईकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। मामले की जांच सब-इंस्पेक्टर विकास कुमार को सौंपी गई है।

मेन मार्केट में लगा कूड़े का ढेर।
अब पढ़िए, क्यों हड़ताल कर रहे सफाईकर्मी
प्रदेशभर में 6 अगस्त से सफाईकर्मी हड़ताल कर रहे हैं। सफाईकर्मियों की यूनियन के राज्य प्रधान नरेश शास्त्री ने बताया कि वे 3 प्रमुख मांगों के लिए लड़ रहे हैं। सबसे पहले सभी सफाईकर्मियों को पक्का किया जाए, ठेका प्रथा खत्म की जाए और सभी को समय से सैलरी मिले।
शनिवार को कुरुक्षेत्र के जिमखाना क्लब में सफाईकर्मियों और कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी मीटिंग भी हुई। जिसमें कोई सहमति नहीं बन सकी। मीटिंग के बाद नरेश शास्त्री ने कहा, जब तक उनकी प्रमुख मांगों का समाधान नहीं होता, सफाई कर्मचारियों की हड़ताल जारी रहेगी। अब यूनियन मुख्यमंत्री से मिलकर अपनी मांगें रखेगी।

मीटिंग के बाद मंत्री कृष्ण बेदी ने कहा, 13 मांगों पर सहमति बनी।
मंत्री बेदी बोले- 14 में से 13 मांगों पर बनी सहमति
बैठक के बाद कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी ने कहा कि सफाई कर्मचारी यूनियन के साथ बातचीत हुई है। पहले दौर की बातचीत में यूनियन की 14 मांगों में से 13 मांगों पर सहमति बन गई थी। हालांकि कर्मचारियों को पक्का करने की मांग पर मामला अटक गया।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सैनी अभी बाहर हैं। उनके वापस आने के बाद इस मामले में आगे बातचीत की जाएगी। कर्मचारियों को पक्का करने के मामले में सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के फैसलों के साथ-साथ कानूनी अड़चनें भी हैं। सरकार कानूनी पहलुओं को देखते हुए ही आगे का निर्णय लेगी।