August 19, 2026

US Envoy in Kashmir: 'जम्मू-कश्मीर भारत का बेहद अहम हिस्सा'; सीएम उमर अब्दुल्ला से मुलाकात के बाद बोले अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर - Haribhoomi

भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने श्रीनगर में मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से मुलाकात के बाद जम्मू-कश्मीर को भारत का एक अत्यंत महत्वपूर्ण हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि कश्मीर आकर उन्हें बेहद खुशी हुई है और यहां पर्यटन, विकास तथा शांति की असीम संभावनाएं मौजूद हैं।

Sergio Gor US Ambassador

अनुच्छेद 370 हटने के बाद किसी अमेरिकी राजदूत का यह पहला स्वतंत्र और उच्चस्तरीय कश्मीर दौरा है।

  • Published: 19 Aug 2026, 04:55 PM IST
  • Last Updated: 19 Aug 2026, 04:55 PM IST

अगस्त 2019 में अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण और केंद्र शासित प्रदेश में चुनी हुई सरकार के गठन के बाद कश्मीर घाटी में वैश्विक कूटनीति की दृष्टि से बड़े बदलाव देखे जा रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पड़ोसी देशों द्वारा फैलाए जाने वाले प्रोपेगैंडा के बीच किसी शीर्ष विदेशी राजनयिक का श्रीनगर पहुंचना और वहां के जमीनी हालात का प्रत्यक्ष अनुभव करना बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

इसी कड़ी में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी और भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर के दो दिवसीय दौरे ने घाटी में सामान्य होते जनजीवन और वैश्विक स्वीकार्यता पर मुहर लगाई है।

'जम्मू-कश्मीर भारत का अहम हिस्सा', सीएम उमर अब्दुल्ला से हुई द्विपक्षीय चर्चा
श्रीनगर स्थित मुख्यमंत्री आवास पर अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से औपचारिक मुलाकात की। बैठक के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए सर्जियो गोर ने स्पष्ट रूप से कहा कि जम्मू-कश्मीर भारत का एक बेहद महत्वपूर्ण हिस्सा है और यहां आना उनके लिए गर्व की बात है।

उन्होंने कहा कि बैठक बेहद सकारात्मक रही, जिसमें क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने, युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने और सामाजिक-आर्थिक विकास से जुड़े कई अहम पहलुओं पर विचार-विमर्श किया गया।

डल झील में शिकारे की सैर और घाटी की खूबसूरती के मुरीद हुए राजदूत
अपने दौरे के दौरान अमेरिकी राजदूत ने श्रीनगर की प्रसिद्ध डल झील में शिकारे की सवारी का आनंद लिया और ऐतिहासिक लाल चौक व स्थानीय बाजारों का भी जायजा लिया।

उन्होंने कश्मीर की प्राकृतिक सुंदरता, स्थानीय संस्कृति और कश्मीरी अवाम की मेहमाननवाजी की खुले दिल से तारीफ की। राजदूत ने कहा कि घाटी में शांति, स्थिरता और सुरक्षा का माहौल पूरी तरह कायम है, जिससे यहां अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों और व्यापारिक निवेश के लिए नए रास्ते खुलेंगे।

आर्टिकल 370 के बाद पहला स्वतंत्र दौरा, अब लद्दाख की बारी
अनुच्छेद 370 हटने के बाद किसी अमेरिकी राजदूत का यह पहला स्वतंत्र और उच्चस्तरीय कश्मीर दौरा है। श्रीनगर में प्रशासनिक और राजनीतिक नेतृत्व से संवाद स्थापित करने के बाद सर्जियो गोर गुरुवार को केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख के लिए रवाना होंगे।

रणनीतिक जानकारों का मानना है कि अमेरिकी विशेष दूत का यह दौरा न केवल भारत-अमेरिका संबंधों को प्रगाढ़ करता है, बल्कि सीमा पार से अशांति फैलाने की कोशिशों को भी कड़ा कूटनीतिक जवाब देता है।