सागर जहरीली शराब कांड के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर पुलिस ने मुख्य आरोपी रवि लखेरा को शॉर्ट एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार किया। आरोपी पर नकली शराब बनाने और ग्रामीण क्षेत्रों में सप्लाई करने वाले गिरोह का सरगना होने का आरोप है।
मुख्य आरोपी रवि लखेरा को शॉर्ट एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार किया
- Published: 11 Sep 2026, 12:18 PM IST
- Last Updated: 11 Sep 2026, 12:18 PM IST
भोपाल: मध्यप्रदेश के सागर जिले में जहरीली शराब कांड के बाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश के बाद पुलिस ने अवैध शराब कारोबार से जुड़े मुख्य आरोपी रवि लखेरा को शॉर्ट एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सागर की दुखद घटना और कानून व्यवस्था को लेकर प्रशासन को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सीएम डॉ. यादव ने कहा कि पुलिस टीम ने अवैध शराब के कारोबार से जुड़े मुख्य आरोपी को शॉर्ट एनकाउंटर के बाद पकड़ लिया है। उन्होंने मध्यप्रदेश पुलिस की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। सरकार प्रदेश में नशे की प्रवृत्ति को कम करने के लिए बड़े स्तर पर नशा विरोधी अभियान भी चला रही है।
नकली शराब को असली ब्रांड की तरह बेचता था गिरोह
पुलिस के मुताबिक, रवि लखेरा नकली शराब बनाने और उसकी सप्लाई करने वाले गिरोह का मुख्य सरगना है। गिरोह नकली शराब को असली ब्रांड का रूप देने के लिए फर्जी रैपर, ढक्कन और क्यूआर कोड का इस्तेमाल करता था। इसके बाद शराब को सागर जिले के ग्रामीण इलाकों में सप्लाई किया जाता था।
आरोपी का पहले से भी आपराधिक रिकॉर्ड बताया गया है। ललितपुर पुलिस ने अवैध शराब फैक्टरी का खुलासा करते हुए 4 मई 2026 को उसके खिलाफ मामला दर्ज किया था। पूछताछ के दौरान सागर के बंडा समेत दूसरे इलाकों में भी अवैध शराब की सप्लाई किए जाने की जानकारी सामने आई थी।
प्रशासन ने भी शुरू की कार्रवाई
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद जिला प्रशासन ने अवैध शराब के कारोबार में शामिल आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई तेज की। प्रशासन की ओर से अतिक्रमण हटाने समेत अन्य आवश्यक कदम उठाए गए हैं। सरकार ने साफ किया है कि अवैध शराब के कारोबार और नशे से जुड़े मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
सागर की घटना के बाद पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई को कानून व्यवस्था के लिहाज से अहम माना जा रहा है। सरकार का कहना है कि अवैध शराब के नेटवर्क को तोड़ने और नशे के कारोबार पर रोक लगाने के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा।