Sep 06, 2026 06:32 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान

आरसीबी का कप्तान बनाए जाने के बाद रजत पाटीदार को विराट कोहली से किस तरह से समर्थन मिला है और दिग्गज क्रिकेटर ने उन पर कैसा फेथ दिखाया है, इस बारे में 2 बार की चैंपियन फ्रेंचाइजी के कप्तान ने एक पॉडकास्ट में खुलकर बात की है।

विराट कोहली और रजत पाटीदार (फाइल फोटो)
आईपीएल की सबसे बड़ी फैन बेस वाली फ्रेंजाइजी में से एक आरसीबी लंबे समय तक निराशा के गर्त में रही। कारण यह रहा कि उन्हें खिताब जीतने के लिए 18 साल का समय लगा। विराट कोहली ने लंबे समय तक आरसीबी की कप्तानी की, लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी। आखिरकार इस फ्रेंचाइजी की किस्मत 18वें साल में ही सही, लेकिन जब चमकी तो क्या जबरदस्त चमकी। विराट कोहली के स्टारडम वाली टीम ने एक नहीं लगातार दो बार खिताब अपने नाम कर लिया। इस सफलता को प्राप्त करने के लिए फ्रेंचाइजी ने कई अहम फैसले लिए। इसमें से एक प्रमुख फैसला लीडरशिप में परिवर्तन का भी था। विराट कोहली के कप्तानी छोड़ने के बाद फाफ-डु-प्लेसी को आरसीबी ने कुछ समय तक कप्तान बनाया था। हालांकि, 2024 के प्रदर्शन के बाद टीम ने उनसे आगे बढ़ने का फैसला किया और 2025 के लिए रजत पाटीदार को टीम का कप्तान बनाया गया। मेगा ऑक्शन में अच्छी टीम बनाई गई और इसके बाद मैदान पर उतरी टीम ने ऐसा प्रदर्शन किया कि कोई टीम आसपास भी नजर नहीं आई।
आरसीबी ने रजत पाटीदार को जब कप्तान बनाया होगा तो निर्णय लेते वक्त निर्णायक भूमिका में रहे लोगों ने भी नहीं सोचा होगा कि दो साल में हमें इस स्तर की सफलता मिलेगी। यहां तक कि विराट कोहली ने भी शायद ही यह विचार किया हो। हालांकि, जब फ्रेंचाइजी ने विराट कोहली को यह बताया था कि हम रजत पाटीदार को बतौर कप्तान टीम में देख रहे हैं, तब किंग कोहली ने उनका किसी भी तरह से विरोध नहीं किया था। बल्कि उनकी आंखों में एक उम्मीद की चमक दिखी थी और उन्होंने मध्य प्रदेश से आने वाले इस क्रिकेटर को ना सिर्फ खुद पूरा सपोर्ट दिया था बल्कि अपने फैंस से भी सपोर्ट करने को कहा था। यह भी आश्वत किया था पूरी टीम उन्हें भरपूर सहयोग और समर्थन देगी। पाटीदार को औपचारिक रूप से आरसीबी का कप्तान बनाए जाने के बाद कोहली ने इस फैसले का समर्थन किया और अपने साथी खिलाड़ी से कहा कि उन्होंने आरसीबी का नेतृत्व करने का 'अधिकार अर्जित किया है'। साथ ही उन्हें आश्वासन दिया कि पूरी टीम उनका साथ देगी। अंततः इस फैसले से वह परिणाम मिला जिसका फ्रेंचाइजी लगभग दो दशकों से इंतजार कर रही थी। पाटीदार ने 2025 में आरसीबी को उसका पहला आईपीएल खिताब दिलाया और 2026 में टाइटल को डिफेंड भी किया।
विराट कोहली ने हर मामले में मेरा बहुत साथ दिया
एक साल से भी ज्यादा समय बाद पाटीदार ने अब खुलकर बताया है कि कोहली का समर्थन उनके लिए कितना मायने रखता था। खासकर इसलिए क्योंकि वे पूर्व भारतीय कप्तान को अपना आदर्श मानते हुए बड़े हुए थे। पाटीदार ने स्पोर्ट्स लॉन्चपैड नामक यूट्यूब चैनल को दिए एक पॉडकास्ट में बताया “अगर आपका आदर्श आपका साथ दे, तो आपको और कुछ नहीं चाहिए। आपको किसी और के समर्थन की जरूरत नहीं होती। जब वे (विराट कोहली) बल्लेबाजी करते थे, तो मैं उनके बारे में सब कुछ गौर करता था। मैदान पर वे क्या करते थे, मैदान के बाहर उनकी दिनचर्या क्या थी, सब कुछ। बाद में मुझे पता चला कि उन्होंने कप्तानी समेत हर मामले में मेरा बहुत साथ दिया।”
पाटीदार ने स्वीकार किया कि किसी को आरसीबी की कप्तानी सौंपना कोई साधारण निर्णय नहीं था। आईपीएल में इस फ्रेंचाइजी के सबसे ज्यादा और सबसे लॉयल समर्थक हैं। इन समर्थकों की हमेशा से बड़ी मांगें और उम्मीदें रही हैं। कप्तानी के साथ वर्षों से चले आ रहे उस अधूरे खिताब को पाने के प्रयास से जुड़ी उम्मीदों का बोझ भी आता है। पाटीदार के लिए कोहली का समर्थन और भी महत्वपूर्ण हो गया। उन्होंने माना कि उन्हें ठीक से पता नहीं था कि कोहली ने उनमें क्या खास देखा था, लेकिन उन्होंने कहा कि वरिष्ठ बल्लेबाज ने एक खिलाड़ी के रूप में और कप्तानी मिलने के बाद भी लगातार उनका समर्थन किया है। पाटीदार ने कहा “प्रशंसकों और उम्मीदों को देखते हुए किसी को आरसीबी की कप्तानी सौंपना आसान नहीं है। उन्होंने मुझमें कुछ तो देखा होगा। मुझे नहीं पता क्या, लेकिन मुझे टीम में एक खिलाड़ी और कप्तान के रूप में उनसे बहुत समर्थन मिला है।”
पाटीदार की टिप्पणियां यह बताने के लिए काफी हैं कि कोहली भले ही कप्तानी से मुक्त हो गए हों, लेकिन कप्तानी संभालने वाले व्यक्ति का चयन करते समय उनका प्रभाव महत्वपूर्ण बना रहा। पाटीदार के लिए यह सफर भावनात्मक रूप से भी बेहद अहम था। जिस क्रिकेटर की बल्लेबाजी, दिनचर्या और तैयारी को उन्होंने वर्षों तक करीब से देखा था, वही अंततः उनके उत्थान का सबसे सशक्त समर्थक बन गया। और कप्तान के रूप में अपने पहले ही सीजन में, पाटीदार ने आरसीबी को 17 सीजन के लंबे इंतजार के बाद आईपीएल ट्रॉफी जिताकर उस भरोसे को सही साबित किया।