September 2, 2026

Ram Mandir Trust Meeting: श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की अहम बैठक; 3 नए ट्रस्टियों का हुआ ऐलान - Haribhoomi

अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की तीसरी महत्वपूर्ण बैठक मणिकर्णिका घाट क्षेत्र स्थित मणिरामदास छावनी में आयोजित हुई। बैठक के दौरान ट्रस्ट में 3 नए ट्रस्टियों के नामों का ऐलान किया गया है, जिसमें पहली बार एक महिला को भी स्थान दिया गया है। इसके साथ ही दिल्ली के कारोबारी महेश भागचंदका और रामलला के मुख्य अधिवक्ता रहे मदन मोहन पांडेय को नया ट्रस्टी बनाया गया है।

Ayodhya Ram Mandir

राम मंदिर अयोध्या

  • Published: 02 Sep 2026, 04:27 PM IST
  • Last Updated: 02 Sep 2026, 04:28 PM IST

अयोध्या में राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का मामला सामने आने के बाद श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने अपनी कार्यप्रणाली और प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने की कवायद शुरू कर दी है।

इसी सिलसिले में बुधवार को ट्रस्ट की तीसरी उच्चस्तरीय बैठक बुलाई गई। बैठक का मुख्य एजेंडा मंदिर प्रशासन में पारदर्शिता लाना, नए प्रशासनिक पदों का सृजन करना और नए ट्रस्टियों को शामिल कर बोर्ड का विस्तार करना रहा।

​जानिए कौन हैं नए ट्रस्टी महेश भागचंदका और एडवोकेट मदन मोहन पांडेय 
नवनियुक्त ट्रस्टी महेश भागचंदका दिल्ली के प्रमुख कारोबारी हैं और विश्व हिंदू परिषद (VHP) के पूर्व अध्यक्ष स्वर्गीय अशोक सिंघल के रिश्तेदार हैं। वह वर्ष 2020 में राम मंदिर के भूमि पूजन और 22 जनवरी 2024 को आयोजित भव्य प्राण-प्रतिष्ठा समारोह में मुख्य यजमान की भूमिका निभा चुके हैं। वह 'अशोक सिंघल : हिंदुत्व के पुरोधा' समेत कई पुस्तकों के लेखक भी हैं।

वहीं दूसरे नए ट्रस्टी एडवोकेट मदन मोहन पांडेय राम जन्मभूमि-बाबरी विवाद मामले में रामलला विराजमान की ओर से कानूनी पैरवी करने वाली टीम के मुख्य सदस्य रहे हैं और 51 वर्षों के अपने विधिक करियर में उन्होंने इलाहाबाद हाईकोर्ट व सुप्रीम कोर्ट में राम मंदिर पक्ष की मजबूत दलीलें रखी थीं।

अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में बड़े बदलाव में सबसे प्रमुख नाम शिकोहाबाद की निर्मला यादव का सामने आया है। ट्रस्ट की गवर्निंग बॉडी में महिला प्रतिनिधित्व को बढ़ाने और समाज के विभिन्न वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उन्हें इस महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के लिए चुना गया है।

​पूर्व आईपीएस राजेश पांडेय बन सकते हैं राम मंदिर के पहले CEO 
मंदिर परिसर के प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक पेशेवर रूप देने के लिए राम मंदिर के इतिहास में पहली बार मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) का पद सृजित किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, उत्तर प्रदेश पुलिस के एनकाउंटर स्पेशलिस्ट रहे पूर्व आईपीएस अधिकारी राजेश पांडेय को पहला CEO नियुक्त किया जा सकता है। इसके अलावा विहिप के मीडिया प्रभारी रहे शरद शर्मा को ट्रस्ट का आधिकारिक प्रवक्ता बनाए जाने की संभावना है।

​प्रसाद और परिक्रमा समिति के गठन की तैयारी, प्रशासनिक बदलाव जारी 
बैठक के दौरान मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं की व्यवस्था को सुचारू बनाने के लिए 'प्रसाद समिति' और 'परिक्रमा समिति' जैसी नई उप-समितियों के गठन पर सहमति बनी है। गौरतलब है कि 7 जून को चढ़ावा चोरी की घटना के बाद 8 आरोपियों को जेल भेजा गया था, जिसके बाद 2 जुलाई को हुई बैठक में ट्रस्ट के तत्कालीन महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा का इस्तीफा स्वीकार कर रिटायर्ड आईएफएस कृष्ण मोहन को कार्यवाहक महासचिव की जिम्मेदारी दी गई थी।