राजस्थान में मानसून फिलहाल कमजोर बना हुआ है और अब तक सामान्य से 18% कम बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने 19 जिलों में बारिश की संभावना जताई है, जबकि 21 जुलाई से मानसून गतिविधियों में तेजी आने का अनुमान है।
21 जुलाई से फिर एक्टिव होगा मानसून
- Published: 17 Jul 2026, 09:10 AM IST
- Last Updated: 17 Jul 2026, 09:10 AM IST
Rajasthan Weather Update: राजस्थान में मानसून इस साल अपेक्षित रफ्तार नहीं पकड़ पाया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, राज्य में अब तक सामान्य से करीब 18 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई है। बारिश की कमी के कारण कई जिलों में तापमान बढ़ गया है और लोगों को उमस व गर्मी का सामना करना पड़ रहा है।
मौसम विभाग ने शुक्रवार को राज्य के 19 जिलों में हल्की बारिश की संभावना जताई है। वहीं, 20 जुलाई के लिए 17 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया गया है।
क्यों कमजोर पड़ा मानसून?
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, वर्तमान में मानसून ट्रफ लाइन अपनी सामान्य स्थिति से उत्तर की ओर हिमालयी क्षेत्र की तरफ खिसक गई है। इसके अलावा ओडिशा और पश्चिम बंगाल तट के पास बना कम दबाव का क्षेत्र भी राजस्थान में मानसूनी गतिविधियों को प्रभावित कर रहा है। यही वजह है कि पिछले कुछ दिनों से राज्य में बारिश की गतिविधियां कमजोर बनी हुई हैं।
इन जिलों में आज बारिश के आसार
मौसम विभाग ने कोटपूतली-बहरोड़, खैरथल-तिजारा, अलवर, डीग, भरतपुर, दौसा, धौलपुर, करौली, सवाई माधोपुर, सिरोही, उदयपुर, सलूंबर, डूंगरपुर, बांसवाड़ा, प्रतापगढ़, चित्तौड़गढ़, बारां और झालावाड़ जिलों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी की संभावना जताई है।
चूरू रहा सबसे गर्म
बारिश की कमी का असर तापमान पर भी दिखा। गुरुवार को चूरू राज्य का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 40.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बीकानेर में भी पारा 40 डिग्री के पार पहुंच गया।
हालांकि श्रीगंगानगर में 17 मिमी बारिश होने के बाद तापमान में कुछ गिरावट दर्ज की गई और यहां का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे आ गया।
जयपुर में औसत से काफी कम बारिश
राजधानी जयपुर में पिछले 11 दिनों से बारिश नहीं हुई है। इसके चलते शहर में वर्षा का आंकड़ा औसत से नीचे पहुंच गया है। जून और जुलाई में अब तक कुल 135 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई है, जबकि केवल जुलाई महीने में ही औसत बारिश लगभग 180 मिमी मानी जाती है।
21 जुलाई से बदलेगा मौसम
मौसम विभाग के अनुसार, 21 जुलाई से राज्य में मानसून फिर सक्रिय हो सकता है। सबसे पहले पूर्वी राजस्थान के कोटा, भरतपुर और जयपुर संभाग में मेघगर्जन के साथ बारिश का दौर शुरू होने की संभावना है।
इसके बाद 22 और 23 जुलाई से पश्चिमी और मध्य राजस्थान के कई हिस्सों में भी बारिश की गतिविधियों में तेजी देखने को मिल सकती है। इससे तापमान में गिरावट और लोगों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है।