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बुरी नजर या नजर लगना (फोटो: AI)
Nazar Signs: बुरी नजर या नजर लगना बेहद प्राचीन मान्यता है। तमाम लोग मानते हैं कि किसी की ईर्ष्या, जरूरत से ज्यादा तारीफ या नकारात्मक सोच का असर दूसरे व्यक्ति पर पड़ सकता है। ऐसा माना जाता है कि इससे सेहत, मानसिक शांति, रिश्तों या काम-काज पर भी असर देखने को मिल सकता है। हालांकि, इस बात का कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है कि नजर लगती है। लेकिन आज भी लाखों लोग इस पर विश्वास करते हैं। आध्यात्मिक मान्यताओं के अनुसार कुछ लोग दूसरों की तुलना में नजर के प्रति ज्यादा संवेदनशील होते हैं। यानी उन पर इसका असर जल्दी दिखाई दे सकता है। आइए जानते हैं ऐसे कौन-से संकेत माने जाते हैं और इससे बचने के लिए लोग कौन-कौन से पारंपरिक उपाय अपनाते हैं।
नजर लगने के माने जाने वाले संकेत
1- बिना वजह बहुत ज्यादा थकान महसूस होना
अगर आप बिल्कुल ठीक हैं, फिर भी अचानक बहुत ज्यादा थकान महसूस होने लगे, खासकर किसी पार्टी, शादी या ऐसी जगह से लौटने के बाद जहां लोगों ने आपकी खूब तारीफ की हो, तो आध्यात्मिक मान्यताओं में इसे नजर का एक संकेत माना जाता है।
2- छोटी-छोटी परेशानियां लगातार होना
बार-बार कोई सामान टूट जाना, चीजें गिर जाना, छोटे-छोटे नुकसान होना या एक के बाद एक दिक्कतें आना भी कई लोग नजर लगने का संकेत मानते हैं।
3- अचानक सिरदर्द या बेचैनी होना
कुछ लोगों का मानना है कि जब वे लोगों के बीच ज्यादा चर्चा में रहते हैं या उन्हें बहुत ज्यादा तारीफ मिलती है, तो उन्हें सिरदर्द, घबराहट, सीने में भारीपन या अजीब-सी बेचैनी महसूस होने लगती है।
4- शरीर में अजीब तरह की बेचैनी
गले में गांठ जैसा महसूस होना, पेट में घबराहट या बिना किसी साफ वजह के शरीर में तनाव महसूस होना भी कई पारंपरिक मान्यताओं में नजर लगने का संकेत माना जाता है।
नजर उतारने के पारंपरिक उपाय
1- कपूर या लोबान जलाना
कई घरों में कपूर, लोबान या कुछ खास जड़ी-बूटियां जलाकर घर की नकारात्मक ऊर्जा दूर करने की परंपरा है। माना जाता है कि इससे वातावरण सकारात्मक बनता है।
2- नमक वाले पानी का इस्तेमाल
कुछ लोग हाथ और चेहरा हल्के नमक वाले पानी से धोते हैं या नहाने के पानी में थोड़ा-सा नमक मिलाते हैं। मान्यता है कि नमक नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने में मदद करता है।
3- मंत्र या प्रार्थना करना
कई धार्मिक और आध्यात्मिक परंपराओं में मंत्र जाप, प्रार्थना या ईश्वर का स्मरण करने को मन की शांति और सकारात्मक ऊर्जा बनाए रखने का अच्छा तरीका माना जाता है।
आध्यात्मिक मान्यताओं पर विश्वास करना व्यक्तिगत बात है, लेकिन अपने शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना सबसे जरूरी है। अगर आप इन पारंपरिक उपायों से मानसिक सुकून महसूस करते हैं तो उन्हें अपनाया जा सकता है, लेकिन किसी भी स्वास्थ्य समस्या के लिए सही चिकित्सा सलाह लेना हमेशा बेहतर होता है।
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प्रभात शर्माauthor
प्रभात शर्मा टाइम्स नाउ हिंदी डिजिटल के फीचर डेस्क में कार्यरत ट्रैवल और लाइफस्टाइल राइटर हैं। यात्राओं के प्रति उनका गहरा जुनून और नई जगहों को समझने–परखने की क्षमता उनकी लेखन शैली को बेहद जीवंत और पाठकों से जोड़ने वाली बनाती है। वे ऑफबीट डेस्टिनेशन, लोकल कल्चर, हेरिटेज साइट्स, रोड ट्रिप्स, फूड जर्नी और बजट ट्रैवल जैसे विषयों पर मजबूत पकड़ रखते हैं। प्रभात की स्टोरीज़ सिर्फ जानकारी नहीं देतीं, बल्कि यात्रा के माहौल, भाव और अनुभव को भी महसूस कराती हैं। अब तक 7,000 से अधिक कंटेंट लिख चुके प्रभात अपनी सहज भाषा, प्रामाणिक जानकारी और अनुभव-आधारित दृष्टिकोण के लिए जाने जाते हैं।
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