कश्मीर में सेना का बड़ा ऑपरेशन, पाकिस्तानी लश्कर कमांडर ढेर, कौन था आतंकी यासीर?
Published: Saturday, September 5, 2026, 16:49 [IST]
Lashkar-e-Taiba Commander Yasir: जम्मू-कश्मीर में सुरक्षाबलों को आतंकवाद विरोधी अभियान में बड़ी कामयाबी मिली है। यूसमर्ग इलाके में शनिवार (05 सितंबर) को हुई मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े पाकिस्तानी कमांडर यासीर को मार गिराया गया। यासीर की पहचान सुरक्षा सूत्रों के हवाले से सामने आई है। उसके नेटवर्क और हाल की आतंकी गतिविधियों में भूमिका की भी जांच की जा रही है।
कौन था यासीर और लश्कर से उसका क्या कनेक्शन था?
रिपोर्ट के मुताबिक, यासीर पहले लश्कर-ए-तैयबा के सुलेमान मूसा ग्रुप का हिस्सा था। करीब एक साल पहले उसने इस ग्रुप से अलग रास्ता अपना लिया था। इसके बाद वह अलग तरीके से काम कर रहा था और यूसमर्ग के ऊपरी इलाकों में लश्कर के एक सक्रिय कमांडर के तौर पर काम कर रहा था।
सुरक्षा एजेंसियां काफी समय से उसकी गतिविधियों पर नजर रख रही थीं। इलाके में उसकी मौजूदगी की जानकारी मिलने के बाद तलाशी अभियान शुरू किया गया। इसी दौरान सुरक्षाबलों का उससे आमना-सामना हुआ और मुठभेड़ शुरू हो गई।
स्पेशल फोर्सेज और राष्ट्रीय राइफल्स ने संभाला मोर्चा
इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, यह कार्रवाई स्पेशल फोर्सेज और 53वीं राष्ट्रीय राइफल्स के संयुक्त अभियान का हिस्सा थी। सुरक्षाबलों को इलाके में आतंकियों की मौजूदगी की खुफिया जानकारी मिली थी। इसके बाद तलाशी और घेराबंदी शुरू की गई।
इससे पहले सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ ने भी इलाके में संयुक्त अभियान चलाया था। सेना ने पुंछ के अशदर गली से यूसमर्ग होते हुए पुलवामा के पाखेरपोरा की तरफ बढ़ रहे संदिग्ध आतंकियों के एक समूह की गतिविधियों को ट्रैक किया था। यह समूह पीर पंजाल की ऊंचाई वाले पहाड़ी रास्तों से आगे बढ़ रहा था। 1 सितंबर को इलाके की घेराबंदी की गई थी और 3 सितंबर को अशदर गली में सुरक्षाबलों का आतंकियों से संपर्क हुआ था।
यासीर के नेटवर्क की अब होगी जांच
यासीर के मारे जाने के बाद सुरक्षा एजेंसियां अब उसके नेटवर्क को खंगाल रही हैं। उसके दूसरे आतंकियों से संपर्क, लश्कर के साथ मौजूदा रिश्ते और किसी हालिया आतंकी साजिश में उसकी भूमिका की जांच की जा रही है।
सेना की चिनार कोर ने भी सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर बताया था कि विशेष खुफिया जानकारी के आधार पर सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ ने बडगाम के अशदर गली में संयुक्त तलाशी अभियान शुरू किया था। बडगाम के बाद यूसमर्ग में कार्रवाई,
सांबा में भी सर्च ऑपरेशन
यूसमर्ग की कार्रवाई से एक दिन पहले मध्य कश्मीर के बडगाम जिले में भी मुठभेड़ हुई थी। इसमें पाकिस्तानी नागरिक होने के संदिग्ध एक आतंकी को मार गिराया गया था। एक और संदिग्ध के छिपे होने की आशंका पर तलाशी जारी थी।
इधर सांबा जिले में पुलिस और बीएसएफ ने सीमावर्ती इलाकों में संयुक्त तलाशी और निगरानी अभियान चलाया। अभियान रीगल गांव से शुरू होकर चिल्लेरियां, नडाला और प्लूरा तक चला। संवेदनशील इलाकों और चिन्हित रास्तों पर सुरक्षा बढ़ाई गई।
इस अभियान की निगरानी सांबा के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, विशेष अभियान समूह के पुलिस उपाधीक्षक और बीएसएफ के निरीक्षक ने की। यानी यूसमर्ग से लेकर सांबा तक सुरक्षा एजेंसियां अलग-अलग इलाकों में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं।