कोलकाता और सुंदरबन में मानसून का सबसे खास 'हिलसा वीकेंड' आज यानी रविवार, 16 अगस्त को खत्म हो रहा है। मानसून में इलिश मछली के असली स्वाद का लुत्फ उठाने के लिए सी-फूड लवर्स शहर के मशहूर रेस्टोरेंट्स और फिश मार्केट का रुख कर रहे हैं। स्थानीय नदियों और तटीय इलाकों से आ रही ताजी हिलसा की भारी मांग है। पसंदीदा ठिकानों पर भीड़ तेजी से बढ़ रही है, इसलिए बिना परेशानी टेबल पाने के लिए लोग पहले ही एडवांस बुकिंग करा रहे हैं।
कोलकाता के मशहूर रेस्टोरेंट्स जैसे 'ओह! कलकत्ता' (Oh! Calcutta) और '6 बालीगंज प्लेस' (6 Ballygunge Place) में आज खास सीजनल मेन्यू परोसा जा रहा है। यहां खाने के शौकीन सरसों के तड़के वाली क्लासिक 'शोर्षे इलिश' (Shorshe Ilish) और स्टीम्ड 'भापा इलिश' (Bhapa Ilish) का मजा ले सकते हैं। मछली के साइज के हिसाब से रेस्टोरेंट में प्रति प्लेट डिश की कीमत 600 से 1,200 रुपये के बीच है। वहीं शाकाहारी खाना पसंद करने वालों के लिए 'सुक्तो' (Sukto) और 'मोचार घोंटो' (Mochar Ghonto) जैसे पारंपरिक बंगाली व्यंजन भी उपलब्ध हैं।
कोलकाता में हिलसा का ताजा भाव और खरीदारी के खास टिप्स
गढ़ियाहाट और हावड़ा के थोक बाजारों में कच्ची हिलसा का भाव 700 से 2,200 रुपये प्रति किलोग्राम के बीच चल रहा है। स्थानीय छोटी मछलियां थोड़ी सस्ती हैं, जबकि पद्मा या डायमंड हार्बर की बड़ी हिलसा काफी ऊंचे दामों पर बिक रही है। खरीदारी करते समय मछली के चमकदार लाल गलफड़ों (gills), सख्त रूपहले स्केल्स और साफ आंखों की जांच जरूर करें। फ्रोजन हिलसा में प्राकृतिक तेल का स्वाद कम हो जाता है, इसलिए सुरक्षित और स्वादिष्ट अनुभव के लिए ताजी बर्फ में रखी मछली ही खरीदें।
| हिलसा की कैटेगरी | अनुमानित कीमत | खासियत |
|---|---|---|
| छोटी लोकल हिलसा | 700 से 1,000 रुपये प्रति किग्रा | हल्का स्वाद, छोटे कांटे |
| बड़ी प्रीमियम हिलसा | 1,800 से 2,200 रुपये प्रति किग्रा | भरपूर प्राकृतिक तेल, सख्त बनावट |
| रेस्टोरेंट प्लेटर्स | 600 से 1,200 रुपये प्रति डिश | खास पारंपरिक रेसिपीज |
सुंदरबन हिलसा क्रूज की बोर्डिंग और ट्रेवल से जुड़ी जरूरी जानकारी
14 से 16 अगस्त वाले सुंदरबन रिवर क्रूज के टूर पैकेज का आज आखिरी दिन है और पर्यटक वापस लौट रहे हैं। प्रमुख टूर ऑपरेटर्स ने कोलकाता के पार्क स्ट्रीट और साइंस सिटी से यात्रियों के लिए विशेष बस पिकअप की व्यवस्था की है। गंतव्य तक पहुंचने के लिए पर्यटक पहले गोदखाली फेरी घाट पहुंचते हैं, जहां से दयापुर की ओर जाने वाले खूबसूरत मैंग्रोव रिवर क्रूज की शुरुआत होती है। मानसून में नदी के तेज बहाव को देखते हुए लाइफ जैकेट अनिवार्य है, वहीं हल्की बारिश से बचने के लिए पर्यटकों को रेनकोर्ट साथ रखने की सलाह दी जा रही है।
आज कोलकाता में घूम रहे लोग ट्रैफिक जाम से बचने के लिए मेट्रो रेल सेवा का इस्तेमाल कर सकते हैं। वहीं हुगली नदी में चलने वाली लोकल फेरी सर्विस के जरिए नदी किनारे बने लोकप्रिय डाइनिंग स्पॉट्स तक आसानी से पहुंचा जा सकता है। स्ट्रीट फूड स्टॉल्स पर खाने का लुत्फ उठाते समय हाइजीन का ध्यान जरूर रखें। अगर आप बंगाल के इस सबसे पसंदीदा मानसूनी स्वाद का मजा लेना चाहते हैं, तो समय रहते प्लान बनाएं और सीजन खत्म होने से पहले हिलसा का स्वाद चख लें।