नीट यूजी 2026 की परीक्षा पर एक बार फिर संकट आ गया है. इस बार छह छात्रों ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर आरोप लगाया है कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी की ओर से अपलोड की गई OMR शीट परीक्षा में दिए गए जवाबों से मेल नहीं खाती है. उन्होंने आगे कहा कि कई बार NTA से शिकायत करने के बाद भी कोई जवाब नहीं मिला. हालांकि, काउंसलिंग शुरू होने से पहले छात्रों ने इस मामले में सुनवाई की मांग की है.
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नीट यूजी 2026 की परीक्षा में जब से पेपर लीक हुआ है तब से लेकर NTA का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. स बार छह और छात्र सुप्रीम कोर्ट पहुंच गए हैं. उन्होंने आरोप लगाया है कि परीक्षा में उन्होंने OMR शीट पर जो आंसर दिए थे, वह एजेंसी की ओर से अपलोड की गई OMR शीट से मेल नहीं खाती है. बता दें कि कल यानी 5 अगस्त से काउंसलिंग शुरू होने वाली है. ऐसे में छात्रों ने इस मामले में जल्द सुनवाई की मांग की है.
क्या है आरोप?
सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका में छात्रों ने आरोप लगाया है कि NTA की वेबसाइट पर अपलोड की गई OMR शीट के जवाब गलत हैं. उन्होंने कहा कि जो जवाब हमने परीक्षा के दौरान जो OMR शीट पर जवाब भरें थे, वह जारी होने के बाद मेल नहीं खा रहे थे.
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किन छात्रों ने दाखिल की याचिका?
छात्रों की ओर से पेश वकील ने भारत के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ को बताया कि यह मामला ऐसे छह छात्रों का जिन्होंने 600 से 650 नंबर हासिल किए हैं. इसके बावजूद उनका कहना है कि उनकी OMR शीट में दर्ज उत्तर सही नहीं दिखाए गए हैं.
नहीं मिला कोई जवाब
छात्रों ने यह भी दावा किया है कि उन्होंने कई बार नेशनल टेस्टिंग एजेंसी को ईमेल भेजा और एजेंसी के कार्यालय भी पहुंचे लेकिन उन्हें कोई जवाब नहीं मिला, जिसके बाद उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया. छात्रों की दलील सुनने के बाद सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने मामले पर जल्द सुनवाई के लिए सहमति जताई.अब इस मामले की सुनवाई काउंसलिंग प्रक्रिया के दौरान या उससे पहले होने की संभावना है.
हो चुका है पेपर लीक
बता दें कि 3 मई को आयोजित हुई नीट यूजी की परीक्षा पेपर लीक के बाद रद्द कर दी गई थी. इसके बाद एजेंसी ने 21 जून को दोबारा से पेपर का आयोजन किया था.हालांकि, इसका रिजल्ट जारी होने के बाद भी कई तरह के विवाद सामने आ रहे थे, जिसे NTA ने गलत साबित किया था.
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