August 21, 2026

NEET के 51 टॉपरों को दिल्ली AIIMS में मिला MBBS, पर रैंक 35 वाला गायब, ठुकराई सबसे मलाईदार सीट

नीट में ऑल इंडिया रैंक 35 पाने वाले सब्यसाची लस्कर का नाम नहीं है। दरअसल उन्होंने आईआईटी से इंजीनियरिंग के लिए सबसे मलाईदार माने जाने वाली एमबीबीएस सीट को ठुकरा दिया है।

एमसीसी ने ऑल इंडिया कोटे की एमबीबीएस और बीडीएस सीटों पर दाखिले के लिए नीट यूजी 2026 काउंसलिंग के राउंड 1 का प्रोविजनल रिजल्ट घोषित कर दिया है। हमेशा की तरह देश का बेस्ट मेडिकल कॉलेज एम्स दिल्ली नीट यूजी के टॉपरों की पहली पंसद रहा है। नीट यूजी 2026 के पहले 51 टॉपरों को प्रतिष्ठित एम्स दिल्ली की एमबीबीएस सीट अलॉट हुई है। लेकिन इस लिस्ट में नीट में ऑल इंडिया रैंक 35 पाने वाले सब्यसाची लस्कर का नाम नहीं है। दरअसल उन्होंने आईआईटी से इंजीनियरिंग के लिए सबसे मलाईदार माने जाने वाली एमबीबीएस सीट को ठुकरा दिया है।

पश्चिम बंगाल के सब्यसाची लस्कर ने नीट यूजी परीक्षा में पूरे पश्चिम बंगाल में पहला स्थान हासिल किया और ऑल इंडिया 35वीं रैंक (AIR 35) प्राप्त की। पर इतनी शानदार रैंक मिलने के बाद भी उन्होंने डॉक्टरी का पेशा छोड़कर इंजीनियरिंग चुनने का फैसला किया है। उन्होंने आईआईटी खड़गपुर (IIT Kharagpur) के बीटेक इन कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (CSE) में दाखिला लिया है।

कंप्यूटर साइंस और हार्डवेयर रिसर्च में है असली रुचि

सब्यसाची ने बताया है कि उनके लिए अपना सपना पूरा करना सबसे ज्यादा जरूरी है। उन्होंने बताया कि वे पर्यावरण को लेकर बचपन से ही काफी संवेदनशील रहे हैं और दुनिया भर में ऊर्जा की खपत को कम करने के लिए काम करना चाहते हैं। सब्यसाची का लक्ष्य कंप्यूटर हार्डवेयर के क्षेत्र में एडवांस रिसर्च करना है, ताकि ऐसे डिवाइस और तकनीक तैयार की जा सकें जो कम बिजली और ऊर्जा का इस्तेमाल करें। जब उन्हें जेईई एडवांस्ड के जरिए आईआईटी खड़गपुर में सीट मिल गई, तो उन्होंने बिना किसी झिझक के MBBS को छोड़कर इंजीनियरिंग को ही आगे बढ़ाने का फैसला कर लिया।

बायोलॉजी पसंदीदा विषय, लेकिन लक्ष्य इंजीनियरिंग

बीडीएम इंटरनेशनल स्कूल के छात्र रहे सब्यसाची ने साल 2024 में 10वीं बोर्ड परीक्षा में पूरे अंक हासिल किए थे और 12वीं में भी उनका प्रदर्शन बेहतरीन रहा। उनकी मां चमेली सरदार ने बताया कि उनके बेटे का पसंदीदा विषय भले ही बायोलॉजी रहा हो, लेकिन उसका मुख्य लक्ष्य हमेशा से एक इंजीनियर बनना ही था। इसी वजह से उसने JEE Main और JEE Advanced के साथ-साथ NEET की भी तैयारी की थी।

किस एम्स में क्या रही कैटेगरी वाइज कटऑफ रैंक

एम्स | सामान्य | EWS | ओबीसी | एससी | एसटी

-एम्स नई दिल्ली- -51- | 292 | 192 | 793 | 987

-एम्स जोधपुर- 343 | 879 | 714 | 3,941 | 4,457

-एम्स ऋषिकेश- 537 | 1,089 | 979 | 6,429 | 8,532

-एम्स भोपाल- 567 | 1,220 | 1,084 | 7,782 | 8,673

-एम्स भुवनेश्वर- 664 | 1,660 | 1,233 | 5,396 | 10,926

-एम्स नागपुर- 792 | 1,839 | 1,350 | 8,360 | 13,431

-एम्स रायपुर- 1,008 | 2,323 | 1,683 | 12,796 | 16,950

-एम्स मंगलगिरी- 1,314 | 3,021 | 2,079 | 16,901 | 21,776

-एम्स पटना- 1,593 | 2,675 | 2,054 | 16,709 | 24,984

-एम्स बठिंडा- 1,630 | 2,910 | 2,190 | 18,819 | 26,664

-एम्स बीबीनगर- 1,705 | 3,180 | 2,592 | 17,543 | 28,792

-एम्स राजकोट- 2,039 | 2,889 | 2,892 | 20,222 | 31,646

-एम्स गोरखपुर- 2,114 | 3,085 | 2,443 | 19,159 | 33,950

-एम्स कल्याणी- 2,18- | 3,955 | 3,049 | 18,440 | 37,522

-एम्स बिलासपुर- 2,260 | 3,287 | 2,786 | 20,129 | 30,805

-एम्स रायबरेली- 2,634 | 3,586 | 3,160 | 22,455 | 35,875

-एम्स गुवाहाटी- 2,997 | 4,802 | 3,823 | 27,539 | 37,116

-एम्स देवघर- 3,090 | 4,569 | 3,771 | 25,371 | 40,599

-एम्स विजयपुर- 3,327 | 4,748 | 3,834 | 27,322 | 34,696

-एम्स मदुरै- 3,421 | 5,416 | 4,281 | 27,253 | 44,940

-एम्स रेवाड़ी- 3,810 | 5,492 | 4,382 | 28,615 | 39,811