July 29, 2026

Kangana Ranaut: ‘टू मच प्रोटीन मेक्स यू डम्ब’, क्या सच में ज्यादा प्रोटीन नुकसानदायक है? क्या कहता है विज्ञान| Navbharat Live

Updated On: Jul 29, 2026 | 09:28 AM IST

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सार

Protein Side Effects: वर्तमान समय में प्रोटीन के सेवन को लेकर सब की अपनी-अपनी राय है। कंगना रानौत मानती हैं कि अधिक प्रोटीन का सेवन लोगों को बुद्धु बनाता है, आइए जानते हैं विज्ञान क्या कहता है।

Kangana ranaut too much protein makes you dumb science explained

कंगना रानौत (फोटो.सोशल मीडिया)

विस्तार

Too Much Protein: अभिनेत्री और सांसद कंगना रानौत अपने विवादित बयानों के लिए जानी जाती है। अपने हालिया बयान में कंगना ने कहा है कि Too much protein makes you dumb, कंगना के इस बयान ने सोशल मीडिया पर एक नई बहस छेड़ दी है।

अभिनेत्री ने लोगों से कहा है कि वे अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड्स और जरूरत से ज्यादा प्रोटीन शेक के सेवन से बचें। ऐसे में सवाल यह उठता है कि क्या वाकई में ज्यादा प्रोटीन खाने से दिमाग पर बुरा असर पड़ता है? आइए जानते हैं कि विज्ञान क्या कहता है?

क्या ज्यादा प्रोटीन का असर हमारे दिमाग पर पड़ता है?

किसी भी शोध में यह नहीं बताया गया है कि सामान्य स्वस्थ व्यक्ति में अधिक प्रोटीन का सेवन सीधे तौर पर याददाश्त कम करता है या व्यक्ति को ‘डम्ब’ बना देता है। विशेषज्ञों मानते हैं कि प्रोटीन शरीर के लिए एक आवश्यक पोषक तत्व है, जो मांसपेशियों की मरम्मत, हार्मोन बनाने, शरीर में इम्यूनिटी बढ़ाने और शरीर के कई महत्वपूर्ण कार्यों के लिए जरूरी है।

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प्रोटीन (फोटो.सोशल मीडिया)

फिर कंगना के बयान का क्या है मतलब?

दरअसल, समस्या प्रोटीन में नहीं है बल्कि जिस सोर्स से प्रोटीन आता है वह समस्या हो सकता है। यदि आपकी डाइट का बड़ा हिस्सा अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड, प्रोसेस्ड मीट या अत्यधिक प्रोसेस्ड प्रोटीन सप्लीमेंट्स से आता है, तो यह शरीर को लॉन्ग टर्म में नुकसान पहुंचा सकता है। कई अध्ययनों में पाया गया है कि ऐसे खाद्य पदार्थों का संबंध मोटापा, टाइप-2 डायबिटीज, हृदय रोग और कुछ प्रकार के कैंसर के जोखिमों को बढ़ाता है, लेकिन इसके पीछे कारण प्रोटीन है, ऐसा नहीं है।

क्या प्रोटीन शेक शरीर के लिए है नुकसान?

बिल्कुल नहीं, पोषण विशेषज्ञ मानते हैं कि जिन लोगों की प्रोटीन की जरूरत सामान्य भोजन से पूरी नहीं हो पाती, जैसे एथलीट, बुजुर्ग, फिटनेस फ्रीक या बीमारी से उबर रहे मरीज, इन लोगों के लिए प्रोटीन पाउडर का उपयोग जरूर हो जाता है, लेकिन यदि बिना जरूरत के रोजाना कई प्रोटीन शेक लिए जाएं, भोजन की जगह सप्लीमेंट्स का इस्तेमाल किया जाए या लो क्वालिटी वाले प्रोडक्ट चुने जाएं, तो इससे नुकसान हो सकता है।

शरीर को कितनी प्रोटीन चाहिए?

सामान्य वयस्क के लिए प्रतिदिन लगभग 0.8 ग्राम प्रोटीन शरीर के प्रति किलोग्राम वजन के लिए पर्याप्त माना जाता है। वहीं नियमित स्ट्रेंथ ट्रेनिंग या भारी व्यायाम करने वालों को लगभग 1.2 से 2 ग्राम प्रति किलोग्राम वजन तक प्रोटीन की जरूरत पड़ सकती है। प्रोटीन की सही मात्रा किसी व्यक्ति की उम्र, स्वास्थ्य और शारीरिक गतिविधि पर निर्भर करती है।

प्रोटीन (फोटो.सोशल मीडिया)

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अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड क्यों बन रहे हैं चिंता का कारण?

हाल के वर्षों में हुई कई शोधों से पता चलता है कि अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड्स का अधिक सेवन कई गंभीर बीमारियों के जोखिम को बढ़ा सकता है। ऐसे खाद्य पदार्थों में अक्सर अधिक चीनी, नमक, अस्वास्थ्यकर वसा और कई एडिटिव्स होते हैं। प्रोटीन की जरूरत को पूरी करने के लिए नेचुरल सोर्सेज को अहमियत दी जानी चाहिए, जैसे- दाल, चना, राजमा, सोया, अंडे, दूध, दही, पनीर, मछली और चिकन।

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