Jamui Case Update: जमुई मामले में पुलिस का बड़ा एक्शन, 3 नाबालिग गिरफ्तार और SIT गठित। 32 सोशल मीडिया अकाउंट्स पर भी टेकडाउन कार्रवाई शुरू की गई है।
बिहार के जमुई में 10वीं के छात्र-छात्राओं के साथ हुई बदसलूकी का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने 3 नाबालिगों को गिरफ्तार कर लिया है।
- Published: 21 Sep 2026, 09:12 PM IST
- Last Updated: 21 Sep 2026, 10:11 PM IST
Bihar Jamui News: जमुई में 10वीं के छात्र-छात्रा से बदसलूकी का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले में बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने अब तक तीन नाबालिग आरोपियों को गिरफ्तार किया है और जांच के लिए SIT गठित की गई है। वहीं, वीडियो को सोशल मीडिया पर प्रसारित करने वाले 32 अकाउंट्स के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू की गई है। पुलिस ने मामले में 7 से 8 लोगों की पहचान किए जाने की जानकारी दी है और बाकी आरोपियों की तलाश जारी है।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारी केएस अनुपम ने सोमवार को बताया कि जमुई पुलिस स्टेशन में प्रासंगिक धाराओं और पॉक्सो (POCSO) अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। पकड़े गए आरोपियों में से दो की उम्र 17 से 18 वर्ष के बीच है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जमुई एसडीपीओ की निगरानी में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस के अनुसार, 10वीं कक्षा के दोनों विद्यार्थी शनिवार शाम कोचिंग क्लास खत्म करने के बाद लोकप्रिय मधवा पहाड़ इलाके में गए थे। जब वे स्कूटर से वापस लौट रहे थे, तो जमुई-लखिसराए मुख्य मार्ग से करीब तीन किलोमीटर दूर एक पहाड़ी क्षेत्र में शाम करीब 6:25 से 6:30 बजे के बीच कुछ युवकों ने उन्हें रोक लिया। आरोपियों ने दोनों नाबालिगों के साथ गाली-गलौज की, उन्हें स्कूटर से नीचे खींच लिया और मारपीट की। जब विद्यार्थियों ने वहां से भागने की कोशिश की, तो हमलावरों ने उनका पीछा किया।
समूह के एक सदस्य द्वारा बनाए गए वायरल वीडियो में एक शख्स छात्र की शर्ट का कॉलर पकड़कर उसे अपनी ओर खींचता दिख रहा है, जिसे छात्र छात्रा की मदद से छुड़ा लेता है। इसके अलावा, एक अन्य व्यक्ति छात्रा की गर्दन पकड़कर उसे जमीन से उठाता नजर आता है, जिसे छात्र बीच-बचाव कर छुड़ाता है।
हाथापाई के दौरान एक आरोपी ने छात्रा के साथ अछूती हरकत भी की। जाते वक्त स्कूटर पर बैठी छात्रा का हाथ भी खींचा गया और उन्हें जबरन माफी मांगने के लिए मजबूर किया गया। वीडियो में सहमी हुई छात्रा आरोपियों से छोड़ देने की गुहार लगाती नजर आ रही है।
पुलिस जांच और फरार आरोपियों की तलाश
एडीजी अनुपम ने जानकारी दी है कि पुलिस ने इस घटना के सिलसिले में अब तक 7 से 8 लोगों की पहचान कर ली है और आरोपियों के आपराधिक इतिहास को भी खंगाला जा रहा है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि जिस जगह यह वारदात हुई, वहां गश्त की क्या व्यवस्था थी। जो भी इस हमले में शामिल पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे। मुख्य आरोपियों से पूछताछ और वीडियो के आधार पर बाकी बचे संदिग्धों की तलाश तेजी से जारी है।
32 सोशल मीडिया अकाउंट्स पर कार्रवाई
इस अमानवीय घटना का वीडियो ऑनलाइन शेयर करने वाले सोशल मीडिया हैंडल्स के खिलाफ भी पुलिस ने बड़ा एक्शन लिया है। एडीजी ने बताया कि वीडियो प्रसारित करने वाले 13 फेसबुक अकाउंट, 12 इंस्टाग्राम अकाउंट और 7 एक्स (पूर्व ट्विटर) अकाउंट्स को टेकडाउन करने की कार्रवाई के लिए चिह्नित किया गया है।
पुलिस ने चेतावनी दी है कि किसी भी नाबालिग की पहचान या चेहरा उजागर करने वाला वीडियो शेयर करना एक गंभीर अपराध है। ऐसा करने वालों पर पॉक्सो एक्ट और किशोर न्याय अधिनियम की धारा 74 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
राजनीतिक गलियारों में मचा भूचाल
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद इस घटना पर देश भर में आक्रोश फैल गया। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने इस मामले में संज्ञान लेते हुए सभी आरोपियों की जल्द पहचान कर उन पर पॉक्सो के तहत मुकदमा चलाने की मांग की। उन्होंने गिरफ्तारी में देरी पर सवाल उठाए और बिहार की सड़कों पर लड़कियों की सुरक्षा पर गंभीर चिंता जताई।
इसके बाद यह मामला एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन गया, जहां कांग्रेस पार्टी ने कानून-व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर राज्य सरकार को घेरा। कांग्रेस प्रवक्ता शमा मोहम्मद ने इस घटना को बिहार में "जंगल राज" करार देते हुए मुख्यमंत्री और बीजेपी की आलोचना की।
सरकार बोली- कोई दोषी बख्शा नहीं जाएगा
विपक्ष के हमलों का जवाब देते हुए बिहार के मंत्री जमा खान ने कहा कि सरकार जमुई की इस घटना को लेकर बेहद गंभीर है और जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी इस पूरे मामले का संज्ञान लिया है।
मंत्री ने कहा कि घटना के तुरंत बाद गिरफ्तारियां की जा चुकी हैं और बाकी बचे लोगों को भी जल्द पकड़ लिया जाएगा। राहुल गांधी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने कहा कि विपक्ष का काम सवाल उठाना है, जबकि बिहार की जनता को एनडीए सरकार पर पूरा भरोसा है।