सैलून ट्रीटमेंट और महंगे प्रोडक्ट्स के बाद भी बाल झड़ रहे हैं? आंवला, शिकाकाई, मेथी और एलोवेरा के इन पारंपरिक नुस्खों से बिना केमिकल बालों को दें मजबूती और चमक।
Hair Care Tips : सैलून के महंगे केराटिन ट्रीटमेंट करा लिए, ब्रांडेड सल्फेट-फ्री शैंपू की बोतलें भी खाली कर दीं, लेकिन कंघी में उलझकर टूटते बालों की तादाद कम होने का नाम नहीं ले रही।
आज हर दूसरा शख्स बाल झड़ने, डैंड्रफ और असमय सफेदी से परेशान है। बाजार के केमिकल-युक्त उत्पाद तात्कालिक चमक तो दे देते हैं, लेकिन लंबे समय में स्कैल्प का नेचुरल ऑयल छीन लेते हैं।
ऐसे दौर में हमारी रसोई और दादी-नानी के पिटारे में मौजूद पारंपरिक उपाय आज भी सबसे भरोसेमंद साबित हो रहे हैं।
आंवला और नारियल तेल: जड़ों को मिलेगा पोषण
बालों की असमय सफेदी रोकने और पतले बालों को घना बनाने में आंवला सबसे असरदार माना जाता है। इसमें मौजूद प्रचुर विटामिन-सी कोलेजन उत्पादन को बढ़ाता है, जिससे बालों के रोम (हेयर फॉलिकल्स) सक्रिय रहते हैं। उपयोग के लिए ताजे आंवले का रस नारियल तेल में पकाकर स्कैल्प पर लगाया जा सकता है।
इसके साथ ही, हफ्ते में दो बार हल्के गुनगुने शुद्ध नारियल तेल से उंगलियों के पोरों के जरिए की गई 10 मिनट की मालिश स्कैल्प में रक्त संचार तेज करती है। ध्यान रहे, तेल लगाकर रातभर छोड़ने के बजाय धोने से 1-2 घंटे पहले लगाना ज्यादा मुफीद रहता है, ताकि स्कैल्प के रोमछिद्र बंद न हों।
रीठा, शिकाकाई और मेथी: केमिकल-मुक्त सफाई और एंटी-फॉल ट्रीटमेंट
बाजार के फोमिंग शैंपू में मौजूद एसएलएस (Sodium Lauryl Sulfate) स्कैल्प को जरूरत से ज्यादा रूखा बना देते हैं। इससे बचने के लिए रीठा, आंवला और शिकाकाई को बराबर मात्रा में रातभर लोहे की कड़ाही या कांच के बर्तन में भिगो दें।
सुबह धीमी आंच पर 10-15 मिनट उबालकर मसल लें और छान लें। यह काढ़ा बालों को बिना नुकसान पहुंचाए अतिरिक्त सीबम और धूल साफ करता है।
झड़ते बालों के लिए मेथी दाना एक अचूक इलाज है। मेथी में निकोटिनिक एसिड और लेसिथिन होता है, जो टूटे बालों की संरचना की मरम्मत करता है।
दो चम्मच मेथी दाना रातभर पानी में भिगोकर सुबह बारीक पीस लें। इस पेस्ट में एक चम्मच दही मिलाकर स्कैल्प पर 30 मिनट लगाएं और फिर सादे पानी से धो लें।
रूखे और बेजान बालों के लिए एलोवेरा की थेरेपी
मौसम बदलने या हीटिंग टूल्स के इस्तेमाल से बेजान हो चुके बालों के लिए एलोवेरा जेल सबसे बेहतरीन प्राकृतिक मॉइस्चराइजर है। ताजे एलोवेरा की पत्ती से जेल निकालकर सीधे बालों की लंबाई और स्कैल्प पर लगाएं।
इसमें पाए जाने वाले प्रोटियोलिटिक एंजाइम मृत त्वचा कोशिकाओं को हटाते हैं और प्राकृतिक कंडीशनर (Natural Conditioner) का काम करते हैं।
हालांकि, किसी भी प्राकृतिक लेप को आजमाने से पहले 24 घंटे का पैच टेस्ट जरूर कर लें ताकि किसी तरह की एलर्जिक प्रतिक्रिया से बचा जा सके।