जशपुर के कुनकुरी CEO प्रमोद कुमार सिंह ने चैंबर के बाहर लिखा ‘मुझसे मिलने अनुमति जरूरी नहीं’, पहल से आम लोगों की अधिकारी तक पहुंच आसान हुई।
कुनकुरी जनपद पंचायत कार्यालय
- Published: 10 Sep 2026, 12:33 PM IST
- Last Updated: 10 Sep 2026, 12:46 PM IST
खुर्शीद कुरैशी- जशपुर। आमतौर पर बड़े अधिकारियों से मिलने के लिए लोगों को पहले अनुमति लेनी पड़ती है। कई सरकारी दफ्तरों में अधिकारी के कक्ष के बाहर सुरक्षा गार्ड या कर्मचारी तैनात रहते हैं, जिससे आम नागरिक अपनी समस्या लेकर सीधे अधिकारी तक पहुंचने में झिझक महसूस करते हैं। लेकिन जशपुर जिले के कुनकुरी जनपद पंचायत में तस्वीर कुछ अलग नजर आ रही है।
कुनकुरी जनपद पंचायत के सीईओ प्रमोद कुमार सिंह ने अपने चैंबर के बाहर एक संदेश लिखवाया है, जिसने लोगों का ध्यान खींच लिया है। दरवाजे पर साफ शब्दों में लिखा है- मैं आपकी सेवा के लिए बैठा हूं, मुझसे मिलने के लिए किसी अनुमति की आवश्यकता नहीं है।
चैंबर में लगाया पारदर्शी शीशा
सीईओ ने केवल संदेश लिखवाने तक ही पहल सीमित नहीं रखी, बल्कि अपने चैंबर में ट्रांसपेरेंट शीशा भी लगवाया है। इसका उद्देश्य यह है कि जनपद कार्यालय पहुंचने वाले लोग अधिकारी से मिलने में किसी तरह की हिचकिचाहट महसूस न करें और अपनी समस्याएं सीधे उनके सामने रख सकें। इस व्यवस्था से आम लोगों के लिए अधिकारी तक पहुंच आसान होने के साथ-साथ क्षेत्र की समस्याओं और जमीनी स्थिति की जानकारी भी सीधे अधिकारी तक पहुंचने की उम्मीद है।

‘जनता के सेवक हैं, लोग बिना संकोच मिलें’
अपनी इस पहल को लेकर कुनकुरी CEO प्रमोद कुमार सिंह का कहना है कि अधिकारी वास्तव में जनता के सेवक होते हैं। उन्होंने कहा कि दरवाजे पर संदेश लिखवाने के पीछे उनका मकसद यही है कि कोई भी व्यक्ति उनसे मिलने में संकोच न करे। उन्होंने कहा कि आम लोगों से सीधे मिलने से उन्हें क्षेत्र की वास्तविक स्थिति को समझने और समस्याओं की जानकारी आसानी से मिलती रहती है। इसके जरिए वे लोगों की शिकायतों और जरूरतों को बेहतर तरीके से समझकर समाधान की दिशा में काम कर सकते हैं।

क्षेत्र में पहल की हो रही चर्चा
अधिकारी के चैंबर के बाहर लिखा यह संदेश और पारदर्शी शीशे की व्यवस्था अब क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। आम नागरिकों के लिए अधिकारी से सीधे मिलने की सुविधा को लेकर इस पहल की सराहना भी की जा रही है।
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