Bokaro News: लगातार हो रही बारिश के बीच उपायुक्त अजय नाथ झा ने बुधवार को बोकारो स्टील सिटी के विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण कर जल जमाव, जल निकासी, साफ-सफाई, सड़कों एवं अन्य नागरिक सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने बीएसएल के नगर सेवा प्रशासन के अधिकारियों को नागरिक समस्याओं के त्वरित एवं स्थायी समाधान के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए.
निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त ने सेक्टर-12ए स्थित जर्जर पानी टंकियों वाले आवासीय ब्लॉकों का जायजा लिया. मौके पर नगर सेवा प्रशासन के चीफ जनरल मैनेजर कुंदन कुमार ने बताया कि ऐसे 42 ब्लॉकों को चिह्नित किया गया है, जहां पानी की टंकियां एवं उनकी सीढ़ियां पर अत्यधिक दबाव है.
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उन्होंने बताया कि जर्जर पानी टंकियों के स्थान पर प्रत्येक फ्लोर के लिए कम क्षमता की अलग-अलग पानी टंकियां छत के अलग-अलग स्थानों पर स्थापित करने की व्यवस्था की जा रही है. उपायुक्त ने इस कार्य को दस दिनों के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिया.
उपायुक्त ने तत्कालिक व्यवस्था के तहत पानी की टंकियों में फ्लोट लगाने का निर्देश दिया, ताकि टंकी भरने के बाद पानी का अनावश्यक बहाव एवं बर्बादी रोकी जा सके. उन्होंने निवासियों की समस्याएं सुनीं और बीएसएल प्रबंधन को कंट्रोल नंबर जारी करने तथा एक कमेटी गठित करने का निर्देश दिया, ताकि नागरिक सुविधाओं से संबंधित शिकायतों की नियमित समीक्षा हो और प्राप्त शिकायतों का त्वरित एवं समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित किया जा सके.
इसके बाद उपायुक्त ने सिटी सेंटर, सेक्टर-4 का निरीक्षण कर जलजमाव एवं जल निकासी की स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने नालियों की नियमित साफ-सफाई, जंगल-झाड़ियों की कटाई तथा खराब एवं क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत को लेकर आवश्यक निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि जिन सड़कों की तत्काल मरम्मत संभव नहीं है, वहां अस्थायी रूप से फ्लाई ऐश का उपयोग कर आवागमन सुचारु रखा जाए. साथ ही, क्षतिग्रस्त सड़कों की स्थायी मरम्मत का कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराने को कहा.
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने सिटी सेंटर की विभिन्न दुकानों के सामने कॉरिडोर में रखे सामान एवं अन्य अवरोधों का भी जायजा लिया. उन्होंने दुकानदारों को आधे घंटे के भीतर कॉरिडोर खाली करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि कॉरिडोर एवं पाथवे किसी भी स्थिति में अवरुद्ध नहीं होने चाहिए. आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्य के दौरान किसी प्रकार की बाधा न हो, इसके लिए कॉरिडोर एवं पाथवे पूरी तरह खुले रहना आवश्यक है.
उपायुक्त ने बीएसएल प्रबंधन को कचरे एवं नालियों की सफाई सहित अन्य आवश्यक कार्यों के लिए शॉर्ट टर्म एवं लॉन्ग टर्म प्लान तैयार करने का निर्देश दिया.
उपायुक्त एवं टीम ने लक्ष्मी मार्केट, सेक्टर-4ए का भी निरीक्षण किया. उन्होंने साफ-सफाई एवं जल निकासी व्यवस्था का जायजा लेते हुए निर्देश दिया कि किसी भी क्षेत्र में जलजमाव की समस्या नहीं होनी चाहिए. उन्होंने प्रत्येक क्षेत्र के साफ सफाई - मेंटेनेंस की जिम्मेदारी अलग-अलग इकाइयों को निर्धारित करने का निर्देश दिया, ताकि संबंधित इकाई के कार्यों की नियमित समीक्षा की जा सके और संतोषजनक कार्य नहीं होने पर जवाबदेही तय करते हुए आवश्यक कार्रवाई की जा सके.
उन्होंने निर्देश दिया कि अनुमंडल पदाधिकारी, बीएसएल प्रबंधन, पुलिस उपाधीक्षक एवं अपर नगर आयुक्त को प्रतिमाह नियमित बैठक आयोजित की जाए. बैठक में बीएसएल प्रबंधन द्वारा किए जा रहे नागरिक सुविधाओं से संबंधित कार्यों की समीक्षा, लंबित समस्याओं के समाधान की प्रगति तथा आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की जाए.
उपायुक्त ने कहा कि बेतरतीब पार्किंग को व्यवस्थित करने, जलजमाव की समस्या का स्थायी समाधान करने, नालियों एवं सार्वजनिक स्थलों की नियमित सफाई तथा गंदगी फैलाने वालों पर नियमानुसार जुर्माना लगाने की दिशा में भी बीएसएल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें.
उपायुक्त अजय नाथ झा ने नगरवासियों से अपील करते हुए कहा कि लोग नालियों अथवा सार्वजनिक स्थलों पर कचरा न डालें, जल निकासी के मार्ग को अवरुद्ध न करें तथा आपदा की स्थिति में प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें.
उन्होंने व्यवसायियों से भी अपील की कि दुकानों के सामने कॉरिडोर, पाथवे एवं सार्वजनिक स्थानों को अवरुद्ध न करें तथा पार्किंग व्यवस्था को बाधित नहीं होने दें. व्यवसायी अपने प्रतिष्ठानों के आसपास स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग करें और प्रशासन द्वारा निर्धारित व्यवस्था का पालन करें.
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