October 16, 2026

'सपा के नेता हो गईला का...', रवि किशन से रार, BJP पार्षद सपा के द्वार! विश्वजीत त्रिपाठी ने अखिलेश यादव संग शेयर किया फोटो

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले की राजनीति में इन दिनों भूचाल आया हुआ है. बेतियाहाता वार्ड से बीजेपी पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी और सांसद रवि किशन के बीच वायरल हुए एक फोन ऑडियो के बाद से गर्माई राजनीति अब एक नए मोड़ पर पहुंच गई है. पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात की है और उनके साथ अपनी तस्वीरें सोशल मीडिया पर साझा की हैं, जिसके बाद उनके सपा में शामिल होने के कयास तेज हो गए हैं.

अखिलेश यादव से मिलने के बाद पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी ने सोशल मीडिया पर लिखा कि माननीय श्री अखिलेश यादव जी 'सर्वसमाज' के नेता हैं और उत्तर प्रदेश में जितना विकास उन्होंने कराया है, उसका मुकाबला कोई नहीं कर सकता. उन्होंने तंज कसते हुए यह भी लिखा कि इस सरकार में ब्राह्मण सताया जा रहा है और अब गोरखपुर का ब्राह्मण भी अखिलेश जी के साथ जा रहा है.

पार्षद ने अपनी पोस्ट में आगे लिखा कि गोरखपुर में अभी भी बारिश से जलभराव हो रहा है, भ्रष्टाचार बढ़ चुका है और नौकरशाह बेलगाम हैं. उन्होंने स्पष्ट किया कि अखिलेश जी से उनकी यह शिष्टाचार भेंट थी और उनका एकमात्र लक्ष्य अखिलेश यादव को दोबारा मुख्यमंत्री बनाना है. साथ ही उन्होंने जल्द ही सपा का एक छोटा कार्यकर्ता बनकर काम करने की बात कही है.

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क्या था वह वायरल ऑडियो, जिससे शुरू हुआ विवाद?

यह पूरा विवाद कुछ समय पहले तब शुरू हुआ जब गोरखपुर शहर में भारी बारिश के बाद जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई थी. बेतियाहाता वार्ड के पार्षद विश्वजीत त्रिपाठी ने क्षेत्र की दुर्दशा से सांसद रवि किशन को अवगत कराने के लिए फोन किया था. लेकिन जलभराव की समस्या पर शुरू हुई यह बातचीत जल्द ही सियासी तंज में बदल गई.

बातचीत के दौरान सांसद रवि किशन ने पार्षद से तंज कसते हुए पूछ लिया था- "सपा के नेता हो गईला का?"

इसके जवाब में पार्षद ने भी पलटवार करते हुए कहा था- "सांसद जी, आपने क्या बसपा ज्वाइन कर ली क्या?" देखें VIDEO:- 

चूंकि विश्वजीत त्रिपाठी पहले समाजवादी पार्टी के टिकट पर ही पार्षद का चुनाव जीत चुके हैं और बाद में बीजेपी में शामिल हुए थे, इसलिए बातचीत में सपा का जिक्र आते ही मामला राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया. इसके बाद रामगढ़ताल के पास लोकेशन को लेकर भी दोनों के बीच सवाल-जवाब सामने आए थे.

रवि किशन ने लिया था जलभराव का जायजा
दूसरीतर्फ, सांसद रवि किशन लगातार क्षेत्र में सक्रिय नजर आए. उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी दी थी कि लगातार 48 घंटे की बारिश के कारण शहर में जलभराव और सड़कों पर गड्ढे (पोटहोल्स) हो गए हैं. उन्होंने महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव के साथ तारामंडल क्षेत्र का दौरा कर जलभराव की स्थिति का जायजा लिया था और अधिकारियों को जलनिकासी के निर्देश दिए थे.

बहरहाल, बारिश के पानी से शुरू हुआ यह प्रशासनिक मुद्दा अब एक बड़े राजनीतिक उठापटक और दल-बदल की अटकलों में तब्दील हो चुका है.
 

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