October 9, 2026

Bihar Special Bus : बिहार वालों के लिए बड़ी राहत! शनिवार से दौड़ेंगी 40 स्पेशल बसें, दिल्ली-गुरुग्राम समेत इन शहरों तक सीधी कनेक्टिविटी

Bihar Special Bus : त्योहारों का मौसम शुरू होते ही बिहार से दूसरे राज्यों की ओर जाने वाले यात्रियों की भीड़ बढ़ने लगी है। खासकर दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, झारखंड और पश्चिम बंगाल में रहने वाले बिहार के लोगों के लिए घर आने-जाने का सिलसिला तेज हो जाता है। ऐसे में ट्रेन की लंबी वेटिंग और नियमित बसों में सीटों की कमी के बीच बिहार सरकार ने यात्रियों को बड़ी राहत देने की तैयारी की है। शनिवार से राज्य के चार प्रमुख शहरों से 40 त्योहार स्पेशल अंतरराज्यीय बसों का परिचालन शुरू किया जाएगा।

पटना, गया, पूर्णिया और मुजफ्फरपुर से शुरू होने वाली इन बसों का मकसद त्योहार के दौरान बढ़ने वाली यात्रियों की भीड़ को संभालना है। यानी जिन लोगों को ट्रेन में कन्फर्म टिकट नहीं मिल पा रहा है या जो सड़क मार्ग से अपने गंतव्य तक पहुंचना चाहते हैं, उनके पास अब अतिरिक्त बसों का विकल्प होगा।

दरअसल, त्योहार आते ही बिहार से बाहर जाने वाली बसों और ट्रेनों में यात्रियों की संख्या अचानक बढ़ जाती है। दिल्ली, गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाजियाबाद, रांची, हजारीबाग, कोलकाता और सिलीगुड़ी जैसे शहरों में बड़ी संख्या में बिहार के लोग रहते हैं। छठ जैसे बड़े पर्व के दौरान तो इन शहरों से बिहार आने वाले यात्रियों की संख्या और भी बढ़ जाती है। यही वजह है कि परिवहन व्यवस्था को अतिरिक्त मजबूती देने की तैयारी की गई है।

इस योजना का दायरा सिर्फ 40 बसों तक सीमित नहीं रहने वाला है। आगे चलकर बिहार के करीब एक दर्जन शहरों से पांच राज्यों के लिए कुल 200 त्योहार स्पेशल बसें चलाने की तैयारी है। प्रस्तावित शहरों में पटना के अलावा मुजफ्फरपुर, दरभंगा, मधुबनी, छपरा, सीवान, गोपालगंज, लखीसराय, अररिया, पूर्णिया और किशनगंज जैसे शहर शामिल हैं। यानी उत्तर बिहार से लेकर सीमांचल और मगध तक के यात्रियों को इस विशेष सेवा का फायदा मिलने की उम्मीद है।

इन बसों की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि बिहार के यात्रियों को सीधे कई बड़े शहरों तक सड़क मार्ग से पहुंचने का विकल्प मिलेगा। प्रस्तावित रूट में दिल्ली, गाजियाबाद, गुरुग्राम, फरीदाबाद और अंबाला के साथ-साथ उत्तर प्रदेश, झारखंड और पश्चिम बंगाल के कई शहर शामिल हैं। कोलकाता और सिलीगुड़ी जैसे प्रमुख शहरों के लिए भी कनेक्टिविटी बढ़ाने की योजना है।

राजधानी पटना इस पूरी व्यवस्था का सबसे बड़ा केंद्र रहने वाला है। प्रस्तावित योजना में पटना से ही सबसे ज्यादा 30 त्योहार स्पेशल बसें चलाने की तैयारी है। इससे राजधानी और आसपास के जिलों के यात्रियों को दूसरे राज्यों की यात्रा के लिए पहले की तुलना में ज्यादा विकल्प मिल सकेंगे। अगर मौजूदा व्यवस्था की बात करें तो अभी पटना से सीमित संख्या में अंतरराज्यीय बसों का संचालन हो रहा है। फिलहाल आठ बसें चल रही हैं, जिनमें दो दिल्ली, चार रांची और दो हजारीबाग के लिए संचालित होती हैं। ऐसे में त्योहार स्पेशल बसों की संख्या बढ़ने से यात्रियों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है।

इस पूरी व्यवस्था का एक और अहम पहलू यह है कि स्पेशल बस सेवा सिर्फ त्योहार के दिन तक सीमित नहीं रहेगी। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, छठ के करीब एक सप्ताह बाद तक भी इन बसों का परिचालन जारी रखने की योजना है। इसका सीधा फायदा उन यात्रियों को मिल सकता है जो त्योहार मनाने के बाद वापस दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, झारखंड या पश्चिम बंगाल लौटना चाहते हैं। हालांकि, यात्रियों के लिए अभी कुछ चीजों का इंतजार करना होगा। अलग-अलग रूट पर बसों का सही समय, किराया, टिकट बुकिंग की व्यवस्था और प्रतिदिन कितनी बसें चलेंगी, इसकी विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। इसलिए यात्रा करने से पहले संबंधित बस सेवा या परिवहन विभाग से रूट और समय की पुष्टि करना जरूरी होगा।

कुल मिलाकर त्योहारों के इस मौसम में जब बिहार से आने-जाने वालों की संख्या तेजी से बढ़ रही है, तब 40 स्पेशल बसों की शुरुआत यात्रियों के लिए राहत की खबर है। अगर प्रस्तावित 200 बसों की पूरी योजना भी जमीन पर उतरती है, तो आने वाले दिनों में बिहार से दूसरे राज्यों की यात्रा करने वालों के लिए सड़क परिवहन का विकल्प पहले से कहीं ज्यादा मजबूत हो सकता है।