भोपाल में प्राथमिक शिक्षक चयन परीक्षा 2025 में सफल करीब दो दर्जन चयनित शिक्षकों ने नियुक्ति पत्र नहीं मिलने के विरोध में लोक शिक्षण आयुक्त कार्यालय में प्रदर्शन किया। 15 दिनों से शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे शिक्षक गुरुवार शाम आयुक्त के कक्ष के बाहर पहुंचे और नारेबाजी की।
भोपाल में चयनित शिक्षकों का हंगामा
- Published: 21 Aug 2026, 11:06 AM IST
- Last Updated: 21 Aug 2026, 11:06 AM IST
भोपाल : प्राथमिक शिक्षक चयन परीक्षा 2025 में सफल चयनित शिक्षकों का गुरुवार शाम आक्रोश देखने को मिला। नियुक्ति पत्र जारी नहीं होने से नाराज करीब दो दर्जन शिक्षक लोक शिक्षण संचालनालय के कार्यालय पहुंच गए और आयुक्त के कक्ष के बाहर नारेबाजी शुरू कर दी। मामला बढ़ने पर प्रदर्शनकारी आयुक्त के कक्ष में भी घुस गए। इस दौरान कार्यालय कर्मचारियों से उनकी बहस और झड़प की स्थिति बन गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों को कार्यालय परिसर से बाहर कर दिया।
नियुक्ति पत्र नहीं दिया गया
जानकारी के मुताबिक, चयनित शिक्षक पिछले करीब 15 दिनों से अपनी नियुक्ति की मांग को लेकर लोक शिक्षण आयुक्त कार्यालय के बाहर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे। उनका कहना है कि प्राथमिक शिक्षक वर्ग-3 परीक्षा में उनका चयन हो चुका है, लेकिन डीएलएड (D.El.Ed) डिग्री से जुड़े नियमों और प्रशासनिक प्रक्रिया के कारण उन्हें अब तक नियुक्ति पत्र नहीं दिया गया है।
तत्काल फैसला लेने की मांग
गुरुवार शाम करीब 6 बजे, जब कार्यालय का समय समाप्त होने वाला था, चयनित शिक्षक हाथों में झंडे लेकर लोक शिक्षण संचालनालय की पहली मंजिल पर स्थित आयुक्त के कक्ष के बाहर पहुंच गए। यहां उन्होंने नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों पर तत्काल फैसला लेने की मांग की।
कार्यालय कर्मचारियों ने प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच बहस हो गई। स्थिति बिगड़ने पर लोक शिक्षण आयुक्त ने पुलिस को सूचना दी। कुछ ही देर में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ पुलिस बल मौके पर पहुंच गया।
प्रदर्शनकारियों को समझाने की कोशिश
पुलिस ने पहले प्रदर्शनकारियों को समझाने की कोशिश की, लेकिन मामला शांत नहीं हुआ। इसके बाद पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे शिक्षकों को आयुक्त के कक्ष से बाहर निकाला और फिर कार्यालय परिसर से भी खदेड़ दिया। घटना के बाद सुरक्षा के लिहाज से लोक शिक्षण संचालनालय के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया गया।
पुलिस की कार्रवाई और अधिकारियों की समझाइश के बाद चयनित शिक्षक कार्यालय से बाहर निकल गए और अपने घर लौट गए। फिलहाल मौके पर प्रदर्शन समाप्त हो गया है।
चयनित शिक्षकों का मुख्य सवाल नियुक्ति पत्र को लेकर है। वे लंबे समय से विभाग से निर्णय की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद भी नियुक्ति नहीं मिलने से उनका भविष्य अधर में है। अब देखना होगा कि विभाग इस मामले में क्या फैसला लेता है और चयनित शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर कब तक स्थिति स्पष्ट होती है।