AI for Kids: न्यूयॉर्क में बच्चों के लिए AI पर पाबंदी के बीच जानिए बच्चों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कब और कैसे सिखाना चाहिए और करियर के लिए कौन-सी स्किल जरूरी हैं।
बच्चों में तेजी से AI के दिखते दुष्प्रभाव के कारण न्यूयॉर्क शहर के मेयर जोहरान ममदानी ने छोटे बच्चों के लिए जनरेटिव एआई पर रोक लगा दी है। इस फैसले के कारण न्यूयार्क में लगभग छह लाख छात्र अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे। AI तेजी से हमारी पढ़ाई और नौकरी की दुनिया का हिस्सा बन रहा है। ऐसे में बच्चों को AI कब और किस तरह सिखाया जाना चाहिए, ये अक्सर अभिभावकों के मन में सवाल आता है। न्यूयॉर्क शहर के सरकारी स्कूलों में AI के इस्तेमाल पर बंदी के कारण भारतीय अभिभावकों को भी इस दिशा में सोचना बेहद जरूरी है। जानिए कब बच्चों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से इंट्रोड्यूज करना चाहिए।
AI से पहले मजबूत करें बेसिक स्किल्स
अगर आप छोटे बच्चों को AI टूल दे देते हैं, तो यकीन मानिए कि उसकी बेसिक स्किल्स मजबूत कभी नहीं हो पाएंगी। बच्चों को पढ़ने लिखने, गणित के सवाल करने, तर्क करने या फिर समस्या हल करने की क्षमता विकसित करना बेहद जरूरी है। अगर बच्चा खुद किसी सवाल का जवाब सोचकर लिखतता है या खोजता है, तो भविष्य में चलकर वह AI का इस्तेमाल भी ज्यादा समझदारी से कर पाएगा।
बच्चे को कब से सिखाएं AI?
आपके छोटे बच्चों को AI का इस्तेमाल करने से रोकना चाहिए। कोशिश करें कि वे अपना होमवर्क सहित विभिन्न प्रकार के काम अपनी समझ और सूझबूझ से करें। बच्चों को AI की समझ उम्र के अनुसार धीरे-धीरे दी जानी चाहिए। शुरुआती कक्षा में उन्हें AI की सामान्य जानकारी और डिजिटल सुरक्षा के बारे में पहले बताया जाना चाहिए। जब बच्चा बड़ा हो जाए, तो AI कैसे काम करता है और इसके फायदे-नुकसान क्या हैं, यह भी समझाएं। टीनएज में AI का इस्तेमाल पढ़ाई, रिसर्च या प्रोजेक्ट में किसी खास काम के लिए करना सिखाया जा सकता है।
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भविष्य के करियर के लिए ये स्किल जरूरी
AI के बढ़ते इस्तेमाल के बावजूद केवल AI टूल चलाना ही काफी नहीं होगा। भविष्य की नौकरियों में क्रिटिकल थिंकिंग, क्रिएटीविटी, कम्यूनिकेशन, प्रॉब्लम सॉल्विंग जैसी ह्यूमन कैपिसिटी की अहम भूमिका रहेगी। बच्चों को यह समझाना जरूरी है कि AI एक टूल है, जो उनकी सोच को ज्यादा क्रिएटिव बनाने में मदद करेगा। यानी अगर पैरेंट्स स्मार्ट तरीके से बच्चों को AI की जानकारी दें, तो ये करियर को बेहतर बनाएगा और बच्चा भी इंटेलिजेंट बनेगा।
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