September 19, 2026

5 कारण से देखनी चाहिए ‘दायरा’, करीना कपूर-पृथ्वीराज सुकुमारन की फिल्म की जानें खास बातें

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5 कारण से देखनी चाहिए ‘दायरा’, करीना कपूर पृथ्वीराज सुकुमारन की फिल्म की जानें खास बातें

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5 कारण से देखनी चाहिए ‘दायरा’, करीना कपूर-पृथ्वीराज सुकुमारन की फिल्म की जानें खास बातें

बॉलीवुड में क्राइम और पुलिस की कहानियां पहले भी कई बार पर्दे पर देखने को मिली हैं, लेकिन मेघना गुलजार की फिल्म ‘दायरा’ अपने गंभीर टॉपिक और कहानी कहने के अंदाज की वजह से काफी चर्चा में है। फिल्म में करीना कपूर खान और पृथ्वीराज सुकुमारन पहली बार साथ नजर आ रहे हैं। दोनों फिल्म में पुलिस अधिकारियों के रोल में हैं, लेकिन अपराध और इंसाफ को लेकर दोनों का नजरिया अलग दिखाई देता है। फिल्म 18 सितंबर 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हो चुकी है और रिलीज से पहले ही इसे लेकर दर्शकों में काफी क्यूरियोसिटी थी। ऐसे में अगर आप सोच रहे हैं कि ‘दायरा’ को आखिर क्यों देखा जाए, तो इसकी 5 बड़ी वजहें जान लीजिए।

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1. मेघना गुलजार का अलग तरह का स्टोरीटेलिंग अंदाज

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1. मेघना गुलजार का अलग तरह का स्टोरीटेलिंग अंदाज

‘दायरा’ देखने की सबसे बड़ी वजहों में से एक इसकी डायरेक्टर मेघना गुलजार हैं। ‘राजी’, ‘तलवार’ और ‘सैम बहादुर’ जैसी फिल्मों के जरिए मेघना ने अलग-अलग तरह की गंभीर कहानियों को पर्दे पर पेश किया है। उनकी फिल्मों में सिर्फ घटना नहीं, बल्कि उसके पीछे छिपे इंसानी पहलू और सामाजिक सवाल भी अहम होते हैं। ‘दायरा’ में भी एक गंभीर क्राइम केस के जरिए कानून, जांच, इंसाफ और सही-गलत की सीमाओं पर सवाल उठाए गए हैं। यही वजह है कि फिल्म को सिर्फ एक सामान्य क्राइम थ्रिलर मानना इसकी कहानी को छोटा कर देना होगा।

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2. पहली बार साथ नजर आई करीना कपूर और पृथ्वीराज की जोड़ी

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2. पहली बार साथ नजर आई करीना कपूर और पृथ्वीराज की जोड़ी

‘दायरा’ की दूसरी बड़ी खासियत करीना कपूर खान और पृथ्वीराज सुकुमारन की फ्रेश जोड़ी है। दोनों पहली बार एक साथ स्क्रीन शेयर कर रहे हैं और फिल्म में दोनों के किरदार भी काफी मजबूत हैं। करीना फिल्म में डीसीपी अजूनी कोहली का किरदार निभा रही हैं, जबकि पृथ्वीराज डीसीपी रमन कुमार के रोल में हैं। दोनों पुलिस अधिकारी हैं, लेकिन किसी गंभीर केस को देखने और उससे निपटने का उनका तरीका अलग है। यही अंतर फिल्म के ड्रामा को आगे बढ़ाता है। खास बात यह है कि दोनों कलाकार अपने-अपने किरदारों को सिर्फ पुलिस ऑफिसर के तौर पर नहीं निभाते, बल्कि उनके निजी और नैतिक संघर्ष भी कहानी का हिस्सा बनते हैं।

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3. सिर्फ क्राइम नहीं, इंसाफ और कानून पर भी सवाल

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3. सिर्फ क्राइम नहीं, इंसाफ और कानून पर भी सवाल

‘दायरा’ की कहानी सिर्फ यह पता लगाने तक सीमित नहीं है कि अपराध किसने किया या केस का सच क्या है। फिल्म इससे आगे जाकर यह सवाल उठाती है कि गंभीर अपराध के बाद इंसाफ का सही तरीका क्या होना चाहिए। फिल्म में पुलिस कार्रवाई, जांच और कानून के बीच मौजूद जटिलताओं को दिखाया गया है। कहानी दर्शकों को यह सोचने का मौका देती है कि क्या तुरंत सजा देना ही इंसाफ है या फिर कानून को अपना पूरा प्रोसेस फॉलो करना चाहिए। हालिया रिव्यूज में भी फिल्म के इसी नैतिक और कानूनी पहलू को इसकी अहम खासियत बताया गया है। यानी फिल्म देखने के बाद मामला सिर्फ ‘कौन सही और कौन गलत’ तक नहीं रुकता, बल्कि दर्शक खुद इन सवालों पर सोचने लगते हैं।

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4. किरदारों के ग्रे शेड्स बनाते हैं कहानी को ज्यादा दिलचस्प

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4. किरदारों के ग्रे शेड्स बनाते हैं कहानी को ज्यादा दिलचस्प

‘दायरा’ में हर किरदार को सीधे-सीधे अच्छा या बुरा बताने के बजाय उनके अलग-अलग नजरिए और परिस्थितियों को सामने रखा गया है। यही फिल्म की कहानी को ज्यादा इंटरेस्टिंग बनाता है। पृथ्वीराज का रमन कुमार और करीना का अजूनी कोहली दोनों ही अपने तरीके से सही चीज करने की कोशिश करते दिखाई देते हैं, लेकिन उनके रास्ते अलग हैं। इस वजह से दोनों के बीच सिर्फ पुलिस ऑफिसर्स की बहस नहीं, बल्कि कानून, इंसाफ और नैतिकता को लेकर एक बड़ा कॉन्फ्लिक्ट बनता है। फिल्म की यही मोरल कॉम्प्लेक्सिटी इसे एक सामान्य क्राइम ड्रामा से अलग बनाने की कोशिश करती है।

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5. करीना और पृथ्वीराज के साथ सपोर्टिंग कास्ट भी मजबूत

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5. करीना और पृथ्वीराज के साथ सपोर्टिंग कास्ट भी मजबूत

फिल्म में सिर्फ करीना कपूर और पृथ्वीराज सुकुमारन ही नहीं हैं। क्षिती जोग, कनवलजीत सिंह, जितेंद्र जोशी, अचिंत कौर, सीमा आजमी, त्रुप्ति खामकर, अनुजा साठे और बिस्वपति सरकार जैसे कलाकार भी अहम भूमिकाओं में हैं। खास तौर पर क्षिती जोग का किरदार कहानी के इमोशनल हिस्से को मजबूत करता है। फिल्म में अपराध का असर सिर्फ पुलिस जांच तक सीमित नहीं रहता, बल्कि पीड़ित परिवार और उससे जुड़े लोगों की जिंदगी पर भी दिखाई देता है।

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कहानी में म्यूजिक से ज्यादा बैकग्राउंड स्कोर पर फोकस

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कहानी में म्यूजिक से ज्यादा बैकग्राउंड स्कोर पर फोकस

‘दायरा’ की एक और खास बात इसका ट्रीटमेंट है। फिल्म में कहानी को आगे बढ़ाने के लिए अनावश्यक गानों का इस्तेमाल नहीं किया गया है। इसके बजाय बैकग्राउंड स्कोर के जरिए सस्पेंस, टेंशन, इमोशन और ड्रामा को बढ़ाने की कोशिश की गई है। हालिया रिव्यू में भी फिल्म के बैकग्राउंड स्कोर को कहानी के मूड के साथ इस्तेमाल किए जाने की बात सामने आई है।

क्या ‘दायरा’ सिर्फ थ्रिलर है?

नहीं। फिल्म का सबसे बड़ा फोकस एक गंभीर केस के जरिए कानून और इंसाफ के बीच के अंतर को दिखाना है। कहानी में क्राइम, पुलिस इन्वेस्टिगेशन, इमोशन और मोरल डिलेमा को एक साथ जोड़ा गया है। फिल्म की कहानी दर्शकों को किसी एक जवाब की तरफ सीधे नहीं धकेलती, बल्कि अलग-अलग नजरिए सामने रखकर खुद सोचने का मौका देती है।

कब रिलीज हुई ‘दायरा’?

करीना कपूर खान और पृथ्वीराज सुकुमारन स्टारर ‘दायरा’ 18 सितंबर 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई है। फिल्म का निर्देशन मेघना गुलजार ने किया है। इसकी कहानी मेघना गुलजार, सीमा अग्रवाल और यश केसवानी ने लिखी है। फिल्म में करीना कपूर खान डीसीपी अजूनी कोहली और पृथ्वीराज सुकुमारन डीसीपी रमन कुमार के रोल में नजर आ रहे हैं।