महासमुंद में बिजली बिल जमा नहीं करने पर कनेक्शन कटने के बाद बिना विभागीय अनुमति खुद लाइन जोड़कर बिजली का इस्तेमाल करने वाले उपभोक्ताओं पर विद्युत विभाग ने कार्रवाई की है। महासमुंद जिले में शुक्रवार को 21 जांच दलों ने एक साथ सघन अभियान चलाकर कटे हुए स
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जांच में बकाया राशि जमा किए बिना और विभाग से पुनः संयोजन लिए बिना बिजली का उपयोग करने के मामले सामने आए। विभाग ने ऐसे मामलों में विद्युत अधिनियम की धारा 138 के तहत 48 प्रकरण दर्ज किए हैं। संबंधित मामलों को थानों और विशेष न्यायालय में भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

थानों और विशेष न्यायालय भेजे जा रहे प्रकरण
कनेक्शन कटने के बाद भी लाइन जोड़कर बिजली इस्तेमाल
अभियान का फोकस उन परिसरों पर रहा, जहां बकाया राशि के कारण पहले ही बिजली कनेक्शन काटे जा चुके थे। जांच दलों ने मौके पर पहुंचकर मीटर और कनेक्शन की स्थिति जांची। कई मामलों में सामने आया कि कनेक्शन विच्छेदित होने के बाद भी उपभोक्ताओं ने विभाग की अनुमति के बिना लाइन जोड़कर बिजली का उपयोग शुरू कर दिया था।
टीमों ने मौके पर ही पंचनामा, जांच प्रतिवेदन और अन्य जरूरी दस्तावेज तैयार किए। अब अनधिकृत रूप से बिजली इस्तेमाल किए जाने की अवधि का नियमानुसार आकलन कर संबंधित उपभोक्ताओं से बकाया और अन्य देय राशि की वसूली की जाएगी।
महासमुंद संभाग में इन मामलों में कार्रवाई
महासमुंद संभाग में राजू बुंदेल (महासमुंद टाउन), ओंकार सिंह राजपूत (लाफिनखुर्द), गुलाब सिंह (बरोंडा बाजार), घनश्याम साहू व पन्नालाल साहू (बम्हनी), नोहर सिंह ध्रुव (झलखमरिया) और नेतराम ध्रुव (सिरगीड़ी) के मामले दर्ज किए गए हैं।
पिथौरा संभाग में निरंजन महंती, चमरू राम गोंड और मोहन लाल पटेल के मामले सामने आए।
सरायपाली में भी कई उपभोक्ताओं पर कार्रवाई
सरायपाली टाउन डीसी क्षेत्र में संजू साहू व प्रवीण कुमार प्रधान (बालसी), पदमिनी केसर (झिलमिला), पुरंदर साहू, प्रवीण कुमार और शंभूराम (कुटेला) के खिलाफ कार्रवाई की गई।
CSPDCL ने दी चेतावनी
CSPDCL ने स्पष्ट किया है कि कनेक्शन कटने के बाद बिना बकाया चुकाए और बिना विभागीय पुनः संयोजन के स्वयं लाइन जोड़कर बिजली का उपयोग करना गंभीर विद्युत अनियमितता है। ऐसे मामलों में विद्युत अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
विभाग ने उपभोक्ताओं से कहा है कि कटे हुए कनेक्शन को खुद जोड़कर बिजली इस्तेमाल करने के बजाय पहले बकाया राशि जमा करें और विभाग से विधिवत पुनः संयोजन प्राप्त करें। विभाग के अनुसार, कटे कनेक्शनों की दोबारा जांच का अभियान आने वाले सप्ताहों में लगातार जारी रहेगा और 31 मार्च तक सघन रूप से चलाया जाएगा।