करनाल में कोर्ट ने आज पूजा हत्याकांड में दोषी प्रदीप को उम्रकैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने दोषी पर 30 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं भरने पर उसे 2 साल की अतिरिक्त कठोर कैद काटनी होगी। यह फैसला करनाल की अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश नेहा नो
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पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पूजा का शव 12 जून 2025 को करनाल में रामचंद्र अस्पताल के पास मिला था। वह करनाल जिले के कंबोपुरा गांव की रहने वाली थी और उसकी शादी उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के बुढ़ेड़ा गांव निवासी राजबीर से हुई थी।
पति राजबीर की शिकायत पर सिविल लाइन थाना पुलिस ने 13 जून 2025 को हत्या और धमकी देने की धाराओं में केस दर्ज किया था। जिला उप न्यायवादी दीपक चौधरी ने बताया कि मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने प्रदीप को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।
2023 में पूजा को अपने साथ ले गया था प्रदीप एफआईआर में राजबीर ने पुलिस को बताया था कि उसकी शादी पूजा से 2006 में हुई थी। उनके तीन बेटे हैं। शिकायत के अनुसार, 7 मई 2023 को गांव का रहने वाला प्रदीप पूजा को अपने साथ ले गया था। इसके बाद राजबीर को प्रदीप के फोन आते थे।

करनाल सेक्टर 32,33 थाना की फोटो।
पत्नी को जान से मारने की धमकी देता था प्रदीप
राजबीर ने आरोप लगाया था कि प्रदीप उसे पुलिस में शिकायत देने पर पत्नी को जान से मारने की धमकी देता था। राजबीर के अनुसार, 12 जून 2025 को उसे फोन पर सूचना मिली कि पूजा की मौत हो गई है और उसका शव करनाल के सरकारी अस्पताल के डेड हाउस में रखा है। अगले दिन वह अपने साले और अन्य परिजनों के साथ अस्पताल पहुंचा। वहां पूजा का शव देखने के बाद उसने पुलिस को शिकायत दी और प्रदीप पर हत्या का आरोप लगाया।
चुन्नी से गला घोंटकर हत्या करने का आरोप
पुलिस ने शिकायत के आधार पर सिविल लाइन थाना करनाल में एफआईआर नंबर 289 दर्ज की थी। इसमें भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) हत्या और धारा 351(3) आपराधिक धमकी से संबंधित अपराध के तहत कार्रवाई की गई।
पुलिस की जांच के अनुसार, प्रदीप को 13 जून 2025 को करनाल की दीवान चंद कॉलोनी से गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ के दौरान पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर उसके किराए के कमरे से वह चुन्नी बरामद करने की बात कही, जिसका इस्तेमाल कथित तौर पर हत्या में किया गया था। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, एफएसएल टीम को बुलाया और गवाहों के बयान दर्ज किए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य जांच संबंधी साक्ष्य भी जुटाए गए।
जुर्माना नहीं भरने पर 2 साल की अतिरिक्त कैद
कोर्ट के आदेश के मुताबिक, प्रदीप को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1) के तहत उम्रकैद और 30 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई गई है। जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे 2 साल की अतिरिक्त कठोर कैद काटनी होगी। कोर्ट ने जांच, पूछताछ और मुकदमे के दौरान पहले से जेल में बिताई गई अवधि को कानून के अनुसार सजा में समायोजित करने का भी आदेश दिया है।