October 4, 2026

सोयाबीन में बीज उत्पादन कर रहे किसान रखें खास ध्यान, इन 3 कीटों से बचाएं फसल

सोयाबीन में बीज उत्पादन कर रहे किसान रखें खास ध्यान, इन 3 कीटों से बचाएं फसल

04 अक्टूबर 2026, नई दिल्ली: सोयाबीन में बीज उत्पादन कर रहे किसान रखें खास ध्यान, इन 3 कीटों से बचाएं फसल – सोयाबीन किसानों के लिए भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद-राष्ट्रीय सोयाबीन अनुसंधान संस्थान ( ICAR-NSRI), इंदौर ने 28 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 की साप्ताहिक सलाह जारी की है। इसमें मध्यम और लंबी अवधि में पकने वाली सोयाबीन किस्मों के लिए बीज उत्पादन वाले खेतों पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी गई है। संस्थान के अनुसार इस अवस्था में कुछ कीट सोयाबीन के बीज को नुकसान पहुंचाकर उसकी गुणवत्ता प्रभावित कर सकते हैं। ऐसे में किसानों को फसल की नियमित निगरानी करने की सलाह दी गई है।

बीज उत्पादन वाले खेतों में रखें विशेष निगरानी

ICAR-NSRI की सलाह के अनुसार बीज उत्पादन वाले खेतों में सोयाबीन की फसल की नियमित निगरानी करना जरूरी है। फसल में ऐसे कीटों की मौजूदगी पर ध्यान दें, जो बीज की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकते हैं। समय पर निगरानी करने से कीटों से होने वाले नुकसान को कम करने में मदद मिल सकती है।

बीज उत्पादन वाली सोयाबीन में स्टिंक बग, अलमंड मॉथ और पल्स बीटल जैसे कीट नुकसान पहुंचा सकते हैं। इनकी वजह से बीज की गुणवत्ता प्रभावित होने का खतरा रहता है, जिसका असर बाद में भंडारण के दौरान भी पड़ सकता है। इसलिए किसानों को बीज उत्पादन वाले खेतों में फसल की नियमित निगरानी करते रहने की सलाह दी गई है।

जरूरत पड़ने पर प्रोफेनोफोस का छिड़काव

ICAR-NSRI की साप्ताहिक सलाह के अनुसार आवश्यकता होने पर प्रोफेनोफोस @ 1.0 लीटर प्रति हेक्टेयर की दर से छिड़काव किया जा सकता है। इससे स्टिंक बग, अलमंड मॉथ और पल्स बीटल जैसे कीटों से होने वाले नुकसान को कम करने में सहायता मिल सकती है।

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बीज की गुणवत्ता बचाने के लिए समय पर करें निगरानी

बीज उत्पादन वाली सोयाबीन में फसल की गुणवत्ता बनाए रखना जरूरी है। इसलिए किसान खेत में नियमित रूप से फसल की स्थिति और कीटों की मौजूदगी की निगरानी करें। आवश्यकता दिखाई देने पर ICAR-NSRI की साप्ताहिक सलाह के अनुसार बताए गए उपाय अपनाकर बीज को कीटों से होने वाले नुकसान से बचाने का प्रयास किया जा सकता है।

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