September 7, 2026

इटली की कंपनी से पार्टनरशिप का असर! इस स्टॉक ने पकड़ी रफ्तार, 12% तक उछला शेयर

Sep 07, 2026 04:27 pm ISTलाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली

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मुख्य बातें

  • सिर्मा SGS टेक्नोलॉजी (Syrma SGS Technology) के शेयरों में सोमवार को करीब 12% की जोरदार तेजी आई और स्टॉक ₹1,626.50 के नए रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गया
  • बेंगलुरु की नई हाई-रिलायबिलिटी इलेक्ट्रॉनिक्स फैक्ट्री और यूरोपीय OEM बाजार में विस्तार को कंपनी के लिए बड़ा ग्रोथ ड्राइवर माना जा रहा है
Syrma SGS Technology

सिर्मा SGS टेक्नोलॉजी के शेयरों में सोमवार को करीब 12% की जोरदार तेजी।

शेयर बाजार में सोमवार, 7 सितंबर 2026 को सिर्मा SGS टेक्नोलॉजी (Syrma SGS Technology) के शेयरों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली। कंपनी का शेयर कारोबार के दौरान करीब 12% तक उछलकर ₹1,626.50 के नए रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गया। लगातार तीसरे कारोबारी दिन शेयर में तेजी जारी रही। पिछले पांच कारोबारी सत्रों में से चार सत्रों में स्टॉक बढ़त के साथ बंद हुआ है। सोमवार की यह तेजी मई 2025 के बाद शेयर की सबसे बड़ी एकदिनी बढ़त भी रही। इस साल अब तक सिर्मा SGS टेक्नोलॉजी (Syrma SGS Technology) के शेयर की कीमत दोगुने से ज्यादा हो चुकी है और इसमें करीब 122% की तेजी दर्ज की गई है।

शेयर में इस तेजी की सबसे बड़ी वजह कंपनी का नया ज्वॉइंट वेंचर माना जा रहा है। सिर्मा SGS टेक्नोलॉजी (Syrma SGS Technology) ने इटली की कंपनी Elemaster के साथ मिलकर हाई-रिलायबिलिटी इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग कारोबार शुरू किया है। कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर जसबीर सिंह गुजराल के मुताबिक, यह संयुक्त उपक्रम अगले 3 से 5 वर्षों में 50 मिलियन से 100 मिलियन डॉलर यानी करीब ₹420 करोड़ से ₹840 करोड़ तक का सालाना रेवेन्यू हासिल करने की क्षमता रखता है। हालांकि, चालू वित्त वर्ष में कंपनी को इस JV से लगभग ₹50 करोड़ से ₹70 करोड़ के राजस्व की ही उम्मीद है, क्योंकि फिलहाल रेगुलेटरी अप्रूवल और ग्राहकों से जुड़ी मंजूरियों की प्रक्रिया चल रही है।

पिछले सप्ताह कंपनी ने बेंगलुरु में अपनी नई हाई-रिलायबिलिटी इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी का उद्घाटन भी किया। इस संयुक्त उपक्रम में Syrma SGS की 60% हिस्सेदारी है, जिसके लिए कंपनी ने ₹33 करोड़ का निवेश किया है। वहीं Elemaster की 40% हिस्सेदारी है और उसने ₹22 करोड़ लगाए हैं, यानी JV में कुल ₹55 करोड़ का निवेश किया गया है। दोनों कंपनियों के बीच यह ट्रांजैक्शन 14 अप्रैल 2026 को पूरा हुआ था।

नई फैक्ट्री में SMT, THT और बॉक्स-बिल्ड असेंबली जैसी सुविधाएं मौजूद हैं। इससे कंपनी रेलवे और ट्रांसपोर्ट, इंडस्ट्रियल इलेक्ट्रॉनिक्स, एनर्जी और मेडिकल इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे हाई-रिलायबिलिटी सेक्टर के लिए जटिल इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट तैयार कर सकेगी। साथ ही भारत से ग्लोबल OEM (Original Equipment Manufacturers) के लिए मैन्युफैक्चरिंग सपोर्ट उपलब्ध कराने का रास्ता भी मजबूत होगा।

इस पार्टनरशिप में एलेमास्टर (Elemaster) अपने यूरोपीय और ग्लोबल OEM नेटवर्क के साथ इंजीनियरिंग विशेषज्ञता लेकर आया है, जबकि Syrma SGS भारत में अपनी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता, सप्लाई चेन और लागत लाभ का इस्तेमाल करेगी। इससे कंपनी को यूरोपीय ग्राहकों तक पहुंच बढ़ाने और कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है। ब्रोकरेज फर्म Equirus का मानना है कि यह JV वित्त वर्ष 2027 से कंपनी के लिए नया ग्रोथ इंजन बन सकता है और रेवेन्यू डायवर्सिफिकेशन के साथ मार्जिन प्रोफाइल को भी बेहतर कर सकता है। हालांकि, शेयर में इतनी तेज बढ़त के बाद निवेशकों को कंपनी के कारोबार, वैल्यूएशन और भविष्य की ग्रोथ को ध्यान में रखकर ही निवेश का फैसला करना चाहिए।